बड़ी खबर : शिक्षकों पर सरकार की अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई, 49 अध्यापक बर्खास्त,ताबड़तोड़ एक्शन जारी

Deepesh Tiwari

Publish: Feb, 15 2018 04:36:38 PM (IST)

Bhopal, Madhya Pradesh, India
बड़ी खबर : शिक्षकों पर सरकार की अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई, 49 अध्यापक बर्खास्त,ताबड़तोड़ एक्शन जारी

कहा जा रहा है कि भोपाल सहित प्रदेश के अन्य जिलों में भी इन मामलों की जांच चल रही है!...

भोपाल। फर्जी दस्तावेज के जरिए नौकरी पाने वाले अध्यापकों के खिलाफ कार्रवाई जारी है। इसके तहत मध्यप्रदेश के कई जिलों में कार्रवाई की तैयारी लगभग पूरी हो है। इसी बीच एक ओर जहां भिंड में 49 अध्यापकों को बर्खास्त तक कर दिया गया है। जिसके चलते शिक्षकों में भय का वातारण बना हुआ है।

वहीं सूत्रों का कहना है कि भोपाल सहित रायसेन, विदिशा, सीहोर सहित अशोकनगर व गुना आदि क्षेत्रों में भी इन मामलों की जांच की जा रहा है। यदि कुछ भी गड़गड़ी पाई जाती है, तो इस पर तुरंत कार्रवाई होगी।

पूरी हुई तैयारी...
सूत्रों का कहना है कि मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल सहित प्रदेश के कई जिलों में फर्जी दस्तावेज की सहायता से नौकरी हासिल करने वालों की जांच की तैयारी पूरी कर ली गई है।

इसके अलावा गलत तरीके से हुई इस भर्ती को जांचने के लिए भोपाल, रायसेन, सीहोर, विदिशा सहित प्रदेश के अन्य जिलों में से कई में जांच कार्य जारी है।

कराया जाएगा आपराधिक प्रकरण दर्ज ...
भिंड में 49 अध्यापकों को बर्खास्ती के मामले में जो जानकारी सामने आई है उसके अनुसार इन अध्यापकों ने साल 2006, 2009 और 2011 में फर्जी दस्तावेज लगाकर नौकरी हासिल कर ली थी।

अब इन सभी के खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज कराया जाएगा। इस संबंध में भिंड कलेक्टर इलैया टी राजा का कहना है कि कार्रवाई जारी है ऐसे में और भी कई मामले सामने आ सकते हैं। वहीं सेवा समाप्ति की कार्रवाई जिला पंचायत सीईओ सपना निगम ने की है। जिला शिक्षा अधिकारी एसएन तिवारी का कहना है कि बर्खास्त हुए शिक्षकों पर अब जल्द ही एफआईआर की कार्रवाई की जा सकती है। इसके अलावा 17 शिक्षकों को दस्तावेज जांच के लिए बुलाया गया है। इन शिक्षकों पर भी कार्रवाई हो सकती है।

भर्ती प्रक्रिया में फर्जीवाड़ा...
सामने आ रही सूचना के अनुसार प्रदेश के कई जिलों में वर्ष 2006, 2009 और 2011 में हुई संविदा शिक्षक भर्ती प्रक्रिया में फर्जीवाड़ा किया गया था! फर्जीवाड़े में कई लोगों ने डीएड की मार्कशीट लगाकर वरीयता सूची में 20 अंक ज्यादा हासिल किए थे, जिससे इन्हें शिक्षक की नौकरी मिली थी। इन्हीं में कुछ लोग नौकरी में जाकर डाइट में डीएड की परीक्षा दे रहे थे।

ऐसे आया मामला सामने...
वर्ष 2014 में तत्कालीन भिंड कलेक्टर एम सीबी चक्रवर्ती की जानकारी में यह बात आई थी। जिसके बाद कलेक्टर ने जांच कराई तो पाया कई शिक्षकों ने नौकरी हासिल करने के लिए फर्जी डीएड की मार्कशीट लगाई थी। इसी कारण से अब यह डाइट से विभागीय माध्यम से डीएड की परीक्षा दे रहे हैं। तत्कालीन कलेक्टर ने तब एडीएम पीके श्रीवास्तव को भेजकर डाइट से पूरा रिकॉर्ड जब्त कराया था और जांच शुरू कराई थी।

जांच के दौरान हो गया तबादला...
अध्यापकों की बर्खास्तगी किए गए जिले में जांच हुई तो सामने आया था जिले में संविदा शिक्षक भर्ती प्रक्रिया में जमकर फर्जीवाड़ा हुआ। इसके बाद कलेक्टर ने जिले की सभी जनपदों में हुई भर्ती की जांच शुरू करा दी थी।

जांच के दौरान कलेक्टर चक्रवर्ती का तबादला हो गया था। वर्तमान कलेक्टर इलैया राजा टी के निर्देश पर तत्कालीन जिला पंचायत सीईओ प्रवीण सिंह भी जांच कर चुके हैं, लेकिन जांच के दौरान उनका भी तबादला हो गया। अब जिला पंचायत सीईओ सपना निगम ने जांच पूरी कर फर्जीवाड़ा कर नौकरी में आए 49 शिक्षकों को बर्खास्त किया है।

हाईकोर्ट में पेश की रिपोर्ट...
फर्जीवाड़ा कर नौकरी हासिल करने वाले 49 शिक्षकों को बर्खास्त करने और आगे की जा रही जांच की पूरी रिपोर्ट जिला शिक्षा अधिकारी एसएन तिवारी ने हाईकोर्ट में पेश की है।
संविदा शिक्षक भर्ती फर्जीवाड़े की जांच को लेकर हाईकोर्ट सख्त है। हाईकोर्ट ने सितंबर 2017 को लोक शिक्षण संस्थान भोपाल के आयुक्त नीरज दुबे को तलब किया था।

साथ ही जांच में हो रही देरी को लेकर आयुक्त से नाराजगी जाहिर की थी। इसके बाद लोक शिक्षण आयुक्त ने जांच में तेजी लाने के लिए निर्देश दिए थे।

रिकॉर्ड गायब...
जांच के दौरान यह भी सामने आया था कि अटेर जनपद पंचायत और भिंड जनपद पंचायत से भर्ती प्रक्रिया के संबंध में रिकॉर्ड गायब हैं। अटेर जनपद से रिकॉर्ड गायब करने के आरोप में बाबू विनोद पांडे पर एफआईआर हुई थी।

इस संबंध में भिंड कलेक्टर इलैया राजा टी का कहना है कि जांच के दौरान 49 शिक्षकों के दस्तावेज फर्जी पाए गए हैं। इन्हें जिला पंचायत सीईओ ने बर्खास्त कर दिया है। यह पहले चरण की कार्रवाई है। दूसरे चरण में और शिक्षकों की जांच की जा रही है। जल्द ही इन पर भी कार्रवाई की जाएगी।

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