बंपर पैदावार का है अनुमान
लालसोट व मंडावरी मंडियों में सर्वाधिक सरसों की आवक लालसोट क्षेत्र के साथ सवाईमाधोपुर जिले के बामनवास, बौली, मलारणा चौड़ व मलारणा डूंगर क्षेत्र के गांवों से होती है। यह पूरा क्षेत्र मोरेल क्षेत्र की नहरों से होने वाली सिंचाई पर ही निर्भर रहता है। इस बांध के निकलने वाली पूर्वी नहर से इस बार करीब एक माह तक किसानों को पानी मिला था और मुख्य नहर तो एक माह से अधिक समय तक चली थी। पूर्वी नहर से लालसोट के कल्याणपुरा, कांकरिया, कानलोंदा, अचलपुरा, रायपुरा गांवों सिचाई होती है और मुख्य नहर से सवाई माधोपुर जिले की बामनवास, बौली व मलारणा डूंगर क्षेत्र के दर्जनों गांवों की सैकड़ों हैक्टेयर भूमि की सिचाई होती है। ऐसे में इन गांवोंं सरसों की बंपर पैदावार होने के अनुमान से दोनों मंडियों के आढ़तिए उत्साहित हैं।