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सोलर लाइटें लगाने में पिछड़ी कंपनी, नमूना बतौर ही लग पाई लाइटें

locationधौलपुरPublished: Dec 24, 2023 11:49:16 am

Submitted by:

rohit sharma

शहर से गुजर रहे दिल्ली-मुंबई राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 44 पर हाइवे का जिम्मा संभाल रही कंपनी को रोशनी से जगमग करना था। कंपनी ने तीन माह पहले इसकी शुरुआत भी की और केन्द्रीय बस स्टैण्ड के पास हाइवे पर बतौर सोलर लाइटें लगाकर टेस्टिंग भी की।

सोलर लाइटें लगाने में पिछड़ी कंपनी, नमूना बतौर ही लग पाई लाइटें

सोलर लाइटें लगाने में पिछड़ी कंपनी, नमूना बतौर ही लग पाई लाइटें

धौलपुर. शहर से गुजर रहे दिल्ली-मुंबई राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 44 पर हाइवे का जिम्मा संभाल रही कंपनी को रोशनी से जगमग करना था। कंपनी ने तीन माह पहले इसकी शुरुआत भी की और केन्द्रीय बस स्टैण्ड के पास हाइवे पर बतौर सोलर लाइटें लगाकर टेस्टिंग भी की। लेकिन इसके बाद कंपनी इन्हें करीब डेढ़ से दो किलोमीटर के हिस्से में लगाना ही भूल गई। कंपनी केवल हाइवे रैलिंग को जगह-जगह से काट कर छोड़ गई। जबकि कंपनी के अधिकारी दीवाली तक हाइवे को रोशन करने का दावा कर रहे थे। लेकिन फिलहाल लाइटें लगाने को लेकर मामला सुस्त पड़ गया है।
हाइवे पर लगनी है सौर ऊर्जा प्लेट्स की लाइटें

बता दें कि मुंबई-दिल्ली हाइवे पर शहरी हिस्से में सौर ऊर्जा प्लेट्स से जलने वाली लाइटें लगगी हैं। ये सदर थाने के पास क्रॉसिंग से लेकर मध्यप्रदेश की तरफ सागरपाडा तक लाइटें लगेंगी। बता दें कि उक्त लाइटें हाइवे के बीच डिवाइडर वाले हिस्से में लगेंगी। गत सितम्बर में इसको लेकर कार्य शुरू हो गया था। यहां केन्द्रीय बस स्टैण्ड के पास हाइवे के बीच कुछ लाइटें बतौर नमूना लगाकर टेस्टिंग भी की गई। कार्यकारी एजेंसी पाथ-वे कंपनी आगरा के क्षेत्र के अधिकारी ने बताया कि लाइटेंं दोनों तरफ से सडक़ों को जगमग करेंगी। ये लाइटें सौर ऊर्जा प्लेट्स की होंगी। जिससे केबिल कटने की समस्या नहीं रहेगी।
रैलिंग को काटा और गड्ढे करके छोड़े

हाइवे का रख-रखाव कर रही कंपनी की ओर से गत सितम्बर में शहरी क्षेत्र से गुजर रहे हाइवे पर जगह-जगह रैलिंग को काट कर लाइट लगाने के लिए जगह बनाई। साथ ही गड्ढे किए गए। लेकिन दीवाली निकल चुकी है और कुछ दिन में नया साल शुरू हो जाएगा पर अभी तक लाइटों का कोई अता-पता नहीं है। वहीं, रैलिंग काटने से उल्टा असुविधा हो गई है। लावारिस जानवरों को यहां से निकलने के लिए जगह मिल गई है।

रात के समय आसानी से निकल सकेंगे वाहन

हाइवे रात के समय अंधेरा होने की वजह से स्थानीय लोग फ्लाईओवर से निकलने से बचते थे। लेकिन लाइटें लगने से वाहन चालक आसानी से निकल सकेंगे। साथ ही लावारिस जानवर इत्यादि भी साफ नजर आने से हादसे की आशंका नहीं रहेगी। इससे पहले इस मार्ग पर मनियां, बरैठा, आगरा से पहले ब्रिज और मथुरा से पहले हाइवे पर लाइटें लगाई जा चुकी हैं। बताया जा रहा है कि यहां शहरी हाइवे सीमा में पूर्व में बने प्लान मेंउक्त लाइटें प्रस्तावित नहीं थी जिस वजह से इन्हें उस समय नहीं लगाया जा सका था। अब एनएचएआई ने इनके लिए बजट स्वीकृत किया है।

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