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किसान आंदोलन: धरना स्थल पर गर्मी से बचने के लिए 500 चटाई का आर्डर, टिकैत बोले- सरकार को माननी होगी बात

Highlights: -करीब तीन माह से धरने पर बैठे हैं किसान -राकेश टिकैत लगातार सरकार पर निशाना साध रहे हैं -अब हर जिले से किसानों को लेकर ट्रैक्टर आएंगे और जाएंगे
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गाज़ियाबाद

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Rahul Chauhan

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Updated: 20 Feb 2021, 12:34 PM IST

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किसान नेता राकेश टिकैत

पत्रिका न्यूज नेटवर्क

गाजियाबाद। यूपी गेट बॉर्डर पर पिछले करीब 3 महीने से बड़ी संख्या में किसान कृषि कानून की वापसी को लेकर धरने पर बैठे हुए हैं। लेकिन अब जैसे-जैसे गर्मी बढ़ रही है, तो किसानों को भी गर्मी सताने लगी है। जिसके चलते कमेटी ने अब गर्मी से बचने के लिए 500 चटाई का आर्डर किया है। यह सभी चटाई वहां लगे टेंट के अंदर लगाई जाएंगी, ताकि धरने पर बैठे किसान गर्मी से बचाव कर सकें। उधर किसान नेता राकेश टिकैत लगातार किसान आंदोलन को मजबूती देने में लगे हुए हैं। लगातार किसानों का हौसला बढ़ाया जा रहा है और जो कानून सरकार के द्वारा बनाए गए हैं। किसानों को बार-बार समझाया जा रहा है कि यह कानून किसान हित में नहीं है।

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शुक्रवार को राकेश टिकैत ने कहा कि कोरोना काल में सरकार ने आलू 40 रुपये किलो बेचा और आज हमारा वही आलू 4 रुपये किलो बिक रहा है। हमारा बाजरा 11 किलो बिकता है। वहीं बाजार में बाजरे का आटा 65 किलो मिलता है। यह कहां का कानून है। यह कानून इतने खतरनाक हैं, इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि किसान बबार्दी की कगार पर है। आगरा में सबसे ज्यादा किसानों ने आत्महत्या की है। राकेश टिकैत ने भारतीय किसान यूनियन के 3 मंडलो के साथ मीटिंग की।

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सहारनपुर मंडल, मेरठ मंडल और मुरादाबाद मंडल के सभी प्रभारियों को बुलाया गया और 12 जिलों के प्रदेश अध्यक्ष से बात की। उन्होंने कहा कि हर रोज बीस ट्रैक्टर आंदोलन स्तर पर आएंगे और 1 जिले से 20 ट्रैक्टर हर रोज अलग अलग जिले से आते जाते रहेंगे। किसी कीमत पर लोग कम नहीं होंगे। मीडिया के द्वारा जो यह दिखाया जा रहा है कि धरना स्थल पर किसानों की भीड़ कम हो रही है, वह एकदम गलत दिखाया जा रहा है। धरने पर बैठे किसानों की संख्या में कमी नहीं आई है बल्कि और इसमें इजाफा ही हो रहा है। हर हाल में किसान अब एक मंच पर है और अपनी बात पर अडिग है।

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