किस की शह पर चल रहे ओवरलोड सवारी वाहन?

90 प्रतिशत सवारी वाहन ट्रैफिक नियमों का पालन नहीं करते। इन वाहनों में तादाद से ज्यादा सवारियां और छत पर सामान रख लेते हैं।

ग्वालियर. शहर में सवारी वाहनों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। 90 प्रतिशत सवारी वाहन ट्रैफिक नियमों का पालन नहीं करते। इन वाहनों में तादाद से ज्यादा सवारियां और छत पर सामान रख लेते हैं। कई बार सवारियां विरोध करती है तो चालक झगड़े पर उतारू हो जाते हैं। ट्रैफिक पुलिस जानकर भी अंजान बनी हुई है। पुलिस हो या प्रशासन उन्हें सुध तब आती है जब यही ओवरलोड सवारियां वाहन अनियंत्रित होकर पलट जाते हैं और लोगों की मौत हो जाती है। इसके बाद शुरू होती है कार्रवाई। लेकिन एक-दो दिन कार्रवाई के बाद फिर अनदेखी शुरू हो जाती है। सवारी वाहन फिर से ओवरलोड सवारियां भरकर चलने लगते हैं। यह सवारी वाहन शहर के कई चौराहों और तिराहों से निकलते हैं। वहां पुलिस भी तैनात रहती है, लेकिन उन पर कार्रवाई करने की जहमत नहीं करते। अगर कभी मन हुआ तो औपचारिकता कर देते हैं।
कई बार स्थिति यह हो जाती है कि सवारी वाहन इतने फुल हो जाती है कि उनमें गेट पर खड़े होकर यात्रा करते हैं। मेले के समय इस तरह का सीन सबसे ज्यादा दिखाई देता है।

इन जगहों पर ज्यादा अनदेखी

शहर के कई ऐसे प्वॉइंट हैं जहंा सवारी वाहन नियमों की अनदेखी कर ठसाठस सवारियांं भरते हैं। जैसे गोल पहाडिय़ा, यहां से तिघरा, बरई जाने के लिए सवारी वाहन मिलते हैं। वहां पुलिस चौकी भी है। फिर भी वाहन चालकों को कोई रोकता टोकता नहीं है।

ये हुए हादसे

गोल पहाडिय़ा पर जुलाई में बरई जाने वाली जीप में तादाद से ज्यादा सवारियां भरी थी। जीप सवारी लेकर कुछ दूर ही चल पाई थी कि चालक का नियंत्रण बिगड़ गया। जीप अनियंत्रित होकर पलट गई। जिसमें कुछ लोग घायल भी हुए। इसी प्रकार गुढ़ा से कंपू की ओर आने वाले ऑटो चालक ने ऑटो में 9 सवारियां बैठा लीं। ड्राईवर के अगल बगल भी सवारी बैठी थीं। चालक नियंत्रण खो बैठा और ऑटो पलट गया। जिसमें तीन लोग घायल भी हुए थे।

- सवारी वाहनों में कितनी सवारी बैठानी यह नियम फिक्स है। अगर कोई ज्यादा सवारी बैठाता है तो समय-समय पर चालानी कार्रवाई की जाती है। अगर सवारी वाहनों में तादाद से ज्यादा सवारियां बैठाई जा रही है तो कार्रवाई की जाएगी।
नरेश अन्नोटिया, डीएसपी ट्रैफिक

Show More
राजेश श्रीवास्तव
और पढ़े

MP/CG लाइव टीवी

खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned