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फिल्मों के शौकीनों के लिए बुरी खबर, 50 फीसदी तक महंगी हो सकती है मल्टीप्लेक्स की टिकट

आने वाले दिनों में मल्टीप्लेक्स सिनेमा के मूवी टिकट में 50 फीसदी तक की बढ़ोत्तरी हो सकती है।
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Saurabh Sharma

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Updated: 10 Aug 2018, 10:34 AM IST

Multiplex

फिल्मों के शौकीनों के लिए बुरी खबर, 50 फीसदी तक महंगी हो सकती है मल्टीप्लेक्स की टिकट

नर्इ दिल्ली। जो हर हफ्ते नर्इ फिल्मों का इंतजार करते हैं आैर मल्टीप्लेक्स में एडवांस बुकिंग कराकर रखते हैं उनके लिए बुरी खबर है। आने वाले दिनों में उनके सिनेमा के टिकट में 50 फीसदी तक इजाफा हो सकता है। जी हां, यह इसलिए हो सकता है कि क्याेंकि अगर मल्टीप्लेक्स में अगर अाप अपने घर से खाने के लिए ले जाते हैं तो मल्टीप्लेक्स एेसा कर सकते हैं। जिसकी सुनवार्इ बांबे हार्इकोर्ट में चल रही है। मतलब साफ है कि 200 रुपए का टिकट आपको 280 रुपए से लेकर 300 रुपए तक पड़ सकता है।

आ जाएगी रेवेन्यू में कमी
जानकारों की मानें तो बांबे हार्इकोर्ट में अगर खाने पीने के सामान को मल्टीप्लेक्स में ले जाने की इजाजत मिलती है तो अंदर मिलने खाने पीने के सामान की बिक्री में काफी कमी आ जाएगी। क्योंकि मल्टीप्लेक्स को इन फूड आइटम्स से भी काफी मुनाफा हांता है। एेसे में कमार्इ में कमी आना लाजिमी है। जानकारों की मानें तो मल्टीप्लेक्स के रेवेन्यू में करीब 50 से 75 फीसदी तक का घाटा होने की संभावना है। एेसे में मल्टीप्लेक्स मालिकों को फिल्मों के टिकट में बढ़ोत्तरी करना मजबूरी हो जाएगी।

एेसे लोगों की जेबों पर पड़ेगा ज्यादा असर
जानकारों की मानें तो एेसे लोगों की जेबों पर ज्यादा असर पड़ेगा जो सिर्फ मल्टीप्लेक्स में सिर्फ फिल्म देखकर आते हैं। खाने-पीने सामान नहीं खरीदते हैं। अमूमन देखा गया है कि मल्टीप्लेक्स के कैंपस में खाने-पीने का सामान बाहर के मुकाबले ज्यादा महंगा होता है। एेसे में कर्इ लोग एसे भी होते हैं जो फिल्म देखकर ही अपना काम चला लेते हैं। वो कैंपस में खाने-पीने का सामान नहीं खरीदते हैं। लेकिन बाहर से सामान ले जाने की इजाजत मिलती है तो एेसे में लोगों को भी मल्टीप्लेक्स में फिल्मों की टिकटों की कीमत ज्यादा चुकानी पड़ सकती है।

क्या सिंगल स्क्रीन में फिर लौटेगी बहार?
वहीं दूसरी आेर सवाल ये भी सामने आया है कि क्या सिंगल स्क्रीन सिनेमा थिएटर की रौनक में एक बार फिर से इजाफा होगा? दिल्ली एनसीआर ही नहीं देश के कर्इ हिस्सों में मल्टीप्लेक्स के चलन के बाद से सिंगल स्क्रीन की कमार्इ में अच्छा खासा असर पड़ा है। कुछ तो बंद होने के कगार पर पहुंच गए हैं। वहीं कुछ अपने आपको जिंदा रखने की जद्दोजहद में जुटे हुए हैं। अगर मल्टीप्लेक्स की टिकटों के दाम बढ़ते हैं तो सिंगल स्क्रीन की आेर से लोगों का रुख बढ़ने की पूरी संभावना है। क्योंकि उनकी टिकटों के दाम मल्टीप्लेक्स के मुकाबले काफी कम होने के साथ सुविधाएं होती हैं। अब देखने वाली बात ये है कि बांबे हार्इकोर्ट अपना किस तरह का फैसला लेती है।