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दिवाली में जोधपुर की हवा सबसे अधिक खराब, श्वास रोगियों और बच्चों की फूली सांस

दिवाली व रामा-श्यामा के दिन हवा में पीएम 2.5 का स्तर 300 से ऊपर

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जोधपुर. दिवाली के अवसर पर जोधपुर प्रदेश में सर्वाधिक प्रदूषित शहर रहा। दो दिन तक शहर की हवा बेहद खराब रही। पटाखों के बारूद से पार्टिकुलेट मैटर (पीएम) 2.5 का औसत स्तर 308 तक पहुंच गया जो वायु प्रदूषण के मानक में ‘वैरी पुअर’ की स्थिति दर्शाता है। दो दिन तक श्वास रोगियों, अस्थमा, हार्ट अटैक, ब्रोंकाइटिस और बच्चों के साथ स्वस्थ्य लोगों को भी सांस लेने में परेशानी हुई। रोगियों को बेजां परेशानी हुई। शुक्रवार को हवा कुछ शुद्ध हुई और रविवार तक वातावरण पहले जैसा हो जाएगा। कलक्ट्रेट स्थित केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के वायु गुणवत्ता मापक यंत्र के अनुसार दिवाली के दौरान 7 व 8 नवम्बर को पटाखों के धुएं से हवा में छोटे-छोटे कण की मात्रा बढ़ गई। तापमान और हवा की गति कम होने से प्रदूषण अधिक बढ़ा। जोधपुर के मुकाबले जयपुर, अजमेर, उदयपुर, कोटा और अलवर में प्रदूषण कम रहा।

क्या है पीएम10 और पीएम2.5


पीएम10 और पीएम 2.5 धूल (पर्टिकुलेट मैटर) के बारीक कण हैं। पीएम10 का आकार दस माइक्रोमीटर या एक मीटर का एक लाख वां हिस्सा होता है और पीएम2.5 इससे चार गुणा छोटा होता है। ये कण, गाडिय़ों के इंजन के दहन, बिजलीघर, लकड़ी के जलने, जंगल की आग और खरपतवार का जलाने से निकलते हैं। हमारे बाल की मोटाई 70 माइक्रोमीटर होती है। बाल भी पीएम10 से सात गुणा अधिक मोटा होता है। पीएम 2.5 अधिक हानिकारक है।

बारिक कणों से परेशानी

- आंख, नाक व गले में उत्तेजना
- खांसी, छाती में दर्द और सांस छोटी होना
- फेफड़ों की कार्य प्रणाली में कमी आना
- ह्रदय स्पंदन अनियमित
- अस्थमा अटैक
- हार्ट अटैक

सर्दी में खतरा अधिक क्यूं

- सबसे मंद हवा नवम्बर से फरवरी के मध्य रहती है।
-अक्सर धुंध रहने धूल कण वायु में जमे रहते हैं।
- अस्थमा व ह्रदय रोगियों की परेशानी बढ़ती है।

आंकड़ों में देखिए दिवाली के दिन कैसे बढ़ा प्रदूषण


शहर -------6 नवम्बर ----7 नवम्बर ----8 नवम्बर ----9 नवम्बर

जोधपुर -------213 -------271 -------308 -------308
जयपुर -------145 -------120 -------194 -------241
अजमेर -------116 -------112 -------233 -------178
कोटा -------162 -------152 -------277 -------245
उदयपुर -------156 -------168 -------247 -------165
अलवर -------106 -------80 -------113 -------119
(उपरोक्त डाटा नियत दिवस के शाम 4 बजे से लेकर अगले दिन शाम 4 बजे तक के 24 घण्टे का औसत है।)

मानक

0 से 50 अच्छा
50 से 100 संतोषजनक
101 से 200 मध्यम
201 से 300 खराब
301 से 400 बेहद खराब
401 से 500 हानिकारक

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