प्रदेश सरकार की महत्वाकांछी गौशाला योजना में अब बजट का अड़ंगा, शुरू नहीं हो पा रहा निर्माण

प्रदेश सरकार की महत्वाकांछी गौशाला योजना में अब बजट का अड़ंगा, शुरू नहीं हो पा रहा निर्माण
कलेक्टर के निर्देश के बाद भी राजस्व का अमला जगह चयन में तेजी नहीं दिखा रहा

raghavendra chaturvedi | Updated: 15 Jun 2019, 08:30:02 AM (IST) Katni, Katni, Madhya Pradesh, India

विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस पार्टी के वचनपत्र में शामिल था गौशाला निर्माण।


सरकार बनते ही जारी हुए निर्देश, अफसरों को योजना के क्रियान्वयन में गंभीरता बरतने की दी गई थी हिदायत


पांच माह में पूरे स्थानों का चयन भी नहीं कर सके जिम्मेदार कर्मचारी, जहां स्थान चयन हुआ वहां पैसे की कमीं।

कटनी. प्रदेश सरकार की महत्वाकांछी गौशाला निर्माण योजना में अब बजट आड़े आ रहा है। विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस पार्टी द्वारा वचनपत्र में गौशाला निर्माण की बात कही गई थी। सरकार बनने के साथ ही इसके लिए निर्देश तो जारी हुए, लेकिन बजट से लेकर अफसरों द्वारा योजना के क्रियान्वयन में बरती जा रही बेपरवाही के कारण योजना अब तक मूर्तरूप नहीं ले सका।

कटनी जिले में पहले चरण में 30 गौशाला का निर्माण होना है। इसमें 9 गौशाला के लिए स्थान चयन तक की प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाई है। जिन गांव में स्थान का चयन हो गया है वहां निर्माण के लिए अब पैसे की कमीं है। एक गौशाला निर्माण में लगभग तीस लाख रुपये की लागत बताई जा रही है। इस राशि का इंतजाम मनरेगा योजना से किए जाने की तैयारी है। इसमें बजट स्वीकृत नहीं होने के कारण गौशाला का निर्माण का कागजों तक ही सीमित होकर रह गया है।

 

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गौशाला निर्माण के लिए जगह चयन में राजस्व विभाग द्वारा उदासीन रवैया अपनाई जा रही है। योजना को देख रहे अधिकारी कह रहे हैं कि कलेक्टर के निर्देश के बाद भी राजस्व का अमला जगह चयन में तेजी नहीं दिखा रहा है। बजट स्वीकृत कराने में जिला पंचायत द्वारा उदासीन रवैया अपनाई जा रही है।
गौशाला निर्माण योजना में आठ से दस ग्राम पंचायतों के बीच एक कलस्टर गांव चिन्हित कर वहां निर्माण की तैयारी चल रही है। इसमें हाइवे और दूसरे राज्य स्तरीय सड़क किनारे के गांव को प्राथमिकता दिया जाना है। पहले 50 से ज्यादा गौशाला का निर्माण का प्रस्ताव था, जिसे घटाकर अब तीस कर दिया गया है। पंचायत व गौसेवा से जुड़ी संस्थाओं को गौशाला संचालन की जिम्मेंदारी सौंपी जाएगी।

प्रदेश सरकार की महत्वाकांछी गौशाला निर्माण योजना में अब बजट आड़े आ रहा
पांच माह में पूरे स्थानों का चयन भी नहीं कर सके जिम्मेदार कर्मचारी, जहां स्थान चयन वहां पैसे की कमीं IMAGE CREDIT: Raghavendra

कटनी में जनवरी माह के पहले सप्ताह में सरकार ने गौशाला निर्माण के लिए जरुरी तैयारी के निर्देश दिए थे। निर्देश के लगभग 20 दिन बाद पशुपालन विभाग जागा और जिला पंचायत के माध्यम से पंचायतों को पत्र लिखा गया। 29 जनवरी को जारी पत्र के लगभग एक माह बाद भी विभाग को पूरी जानकारी नहीं मिली। 26 फरवरी तक प्रक्रिया में तेजी नहीं आई। पांच माह बाद जिलेभर के तीस गांव में बनने वाले गौशाला में नौ गांव में अब तक जगह का चयन नहीं हो सका।
इस बारे में पशु चिकित्सा सेवाएं विभाग के उपसंचालक आरपीएस गहरवार बताते हैं कि सड़क किनारे गौशाला निर्माण होने से सड़क दुघर्टना में घायल होने वाले मवेशियों को त्वरित राहत दिलाई जा सकेगी। निर्माण के लिए तैयारी चल रही है। जगह चयन से लेकर अन्य तैयारियों के लिए संबंधित विभाग के अधिकारियों से चर्चा कर रहे हैं।

 

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