Meto Railway - हाथ की अंगुलियों पर काम नहीं करता नए रेक का सेंसर

Meto Railway - हाथ की अंगुलियों पर काम नहीं करता नए रेक का सेंसर

Renu Singh | Updated: 18 Jul 2019, 03:04:12 PM (IST) Kolkata, Kolkata, West Bengal, India

- किया दावा, मेट्रो ट्रेन के दरवाजे के सेंसर की होगी जांच
- बड़ा सवाल: क्या यात्री इस दर्दनाक हादसे से लेंगे सबक



 

 

कोलकाता
हाथ की अंगुलियों पर नए रेक के दरवाजे का सेंसर काम नहीं करता। नए रेक के कोच के दरवाजे पर लगी रबड़ की कोटिंग इतनी मोटी है कि अंगलियों पर सेंसर ने काम नहीं किया। मेट्रो रेलवे के मोटरमैन संगठन के कुछ लोगों ने यह दावा किया है। बताया जा रहा है कि सजल की अंगुलिया दरवाजे मेंं फंसी थी। मेट्रो की विशेष टीम ने प्रारंभिक जांच में पाया कि सजल की उंगली दो दरवाजों के बीच फंसी हुई थी। पूरा हाथ नहीं फंसा था। यही कारण है कि सेंसर उंगली या उस आकार के समझ नहीं पाया है। नतीजतन दरवाजा अपने आप नहीं खुला और ड्राइवर को कोई चेतावनी नहीं मिली। वहीं सूत्रों कहना है कि इसके अलावा भी दरवाजे में यांत्रिक त्रुटि है या नहीं खुला? इसकी भी जांच की रही है। इसके साथ ही अपातकाल का बटन दबाने के बाद भी दरवाजा क्यों नहीं खुला। इसके साथ ही रेलवे सुरक्षा बल के जवानों को आवाज लगाने के बाद भी टे्रन नहीं रूकी। अब बड़ा सवाल यह भी है कि क्या यात्री इस दर्दनाक हादसे से सबक लेंगे। आमतौर पर यात्री दरवाजे में हाथ घुसा देते हैं ताकि दरवाजा पुन: खुल जाए और वे अंदर घुस जाए। इस तरह के मामले अक्सर सामने आते हैं। अब देखना है कि यात्री फिर ऐसी गलती दोहराते हैं या खुद को सुरक्षित रखने की पहल करते हैं।

रेलवे सुरक्षा आयुक्त करेंगे जांच
मेट्रो रेलवे कोलकाता के सूत्रों ने बताया कि सोमवार को रेलवे सुरक्षा आयुक्त कोलकाता आएंगे। मेट्रो के मामले को लेकर सभी पक्षों की जांच होगी। मालूम हो कि मेट्रो ट्रेन में इस दर्दनाक हादसे को लेकर यात्री सुरक्षा को लेकर कई सवाल खड़े दिए हैं।

 

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