कोटा संभाग में बारिश का कहर, बैराज के 5 गेट खोले, बारां में बाढ़, झालावाड़ में बस्तियां डूबी, दर्जनों गांव बने टापू

Zuber Khan | Publish: Sep, 08 2018 02:45:16 PM (IST) | Updated: Sep, 08 2018 02:49:00 PM (IST) Kota, Rajasthan, India

कोटा संभाग में शुक्रवार देर रात से शुरू हुआ बारिश का दौर 15 घंटे शनिवार दोपहर तक जारी रहा। नदी-नालों में जबरदस्त उफान आने से संभाग के कई जिलों में बाढ़ के हालात बने रहे

कोटा. कोटा संभाग में शुक्रवार देर रात से शुरू हुआ बारिश का दौर 15 घंटे शनिवार दोपहर तक जारी रहा। नदी-नालों में जबरदस्त उफान आने से संभाग के कई जिलों में बाढ़ के हालात बने रहे तो कई जगहों पर दर्जनों गांव टापू बन गए। बस्तियों में पानी भर गया। कोटा बैराज के पांच गेट खोल 30 हजार क्यूसेक पानी की निकासी गई।

 

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खडे गणेशजी मंदिर परिसर में पानी भरने से गणेशजी की प्रतिमा आधी डूब गई। बारिश से कई नीचली बस्तियां जलमग्न हो गई। शहर के प्रेमनगर, थेगड़ा, सूरसागर, श्यामपुरा, बोरखड़ा देवली अरब का नाला उफान पर आ गया। इससे सटी बस्तियां जलमग्न हो गई। कई जगहों पर कमर तक पानी आ गया। मकानों में अंदर दो-दो फीट पानी भर गया।मेडिकल कॉलेज, एमबीएस व जेकेलोन अस्पताल भी बारिश में टपक गए। एमबीएस में पोस्ट ऑपरेटिव वार्ड, एक्सरे मशीन रूम में पानी भर गया।

 

स्कूलों व कॉलेजों में छूट्टी

स्कूलों व कॉलेजों में भी छूट्टी रही। हालांकि शिक्षक जरूर पहुंचे। विज्ञाननगर, नयानोहरा, रंगबाड़ी स्कूल परिसर में पानी भर गया। नयापुरा स्थित उम्मेदसिंह स्टेडियम में लगे जॉब फेयर में भी पानी भर गया।

 

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कोटा ग्रामीण
कोटा ग्रामीण अंचल में रात से शुरू हुआ बारिश का दौर शनिवार दोपहर तक जारी रहा। इस दौरान जिले के इटावा, सुल्तानपुर, रामगंजमंडी, समेत कई इलाकों में तेज बारिश से जनजीवन अस्त व्यस्त रहा तो कैथून, सांगोद, कुंदनपुर, मोईकलां, बपावर, केबलनगर, पीपल्दाकलां समेत कई गांवों में बारिश से जन जीवन प्रभावित रहा। इटावा ब्लॉक में मूसलाधार बारिश से वार्ड 10 के कई घरों में पानी घुस गया। विनायका गांव में नाले में पानी की आवक से इटावा कोटा सड़क मार्ग अवरुध हो गया। खातौली में पार्वती नदी की पुलिया पर करीब 6 फीट पानी होने से कोटा श्योपुर ग्वालियर मार्ग पर आवागमन बंद हो गया। झरेर की बालाजी के पास चम्बल नदी की रपट की पुलिया पर पानी आने से खातौली सवाईमाधोपुर मार्ग भी बंद रहा। सुल्तानपुर में लगातार 10 घण्टे से कई गांवो का सम्पर्क पंचायत समिति मुख्यालय से कट गया।

स्टेट हाईवे 70 राजमार्ग
मारवाड़ा चौकी गांव के रेलवे नाले के उफान पर आने से स्टेट हाईवे 70 राजमार्ग अवरूद्ध हो गया। यहां उफनते नाले को पार करने की कोशिश में कोटा से पीपल्दा जा रहे किशन नामक युवक की बाइक पानी में बह गई। संयोग से बाल बाल बाइक सवार युवक बचे। खाडी पर भी उफान से छोटी पुलिया पर 4 फीट पानी की चादर चली तो वही बगतरी गांव में गोकुलपुरा गांव का बगतरी से सम्पर्क कट गया। सांगोद मोईकलां, बपावर, कनवास समेत अन्य गांवों में भी तेज बारिश रही। सांगोद से निकल रही उजाड़ नदी में भी पानी की जोरदार आवक हुई। छोटी पुलिया ऊपर पानी की आवक से कुंदनपुर पंचायत मुख्यालय से जुड़े कहीं गांव का सांगोद से संपर्क कट गया। रामगंजमंडी में कई निचली बस्तियों में पानी घुस गया।

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बारां में बाढ़, टापू बने गांव
बारां. जिले में शुक्रवार रात दस बजे से शनिवार सुबह आठ बजे तक जिले में औसत बारिश 127.50 मिमी दर्ज की गई। बारां उपखंड मुख्यालय पर 132 मिमी, अन्ता में 150, मांगरोल में 145, छबड़ा में 114, छीपाबड़ौद में 92, अटरू में 125, शाहाबाद में 124 व किशनगंज उपखंड मुख्यालय पर 138 मिमी बारिश रिर्कार्ड की गई। जिले की सभी नदियां उफान पर हैं। बारां के निकट माथना रोड पर गोपालपुरा का तालाब टूटने के कगार पर है। प्रशासनिक व जलसंसाधन विभाग के अधिकारियों ने मौके पर पहुंच राहत कार्य शुरू कराया है।

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गांवों में पहुंचाएंगे भोजन
जिले में बाढ़ का सबसे अधिक असर शाहाबाद उपखंड क्षेत्र में दिख रहा है। क्षेत्र के कई गांवों का कस्बों व उपखंड मुख्यालय से सम्पर्क कट गया है। दर्जनों गांव टापू बने हुए हैं। इस क्षेत्र में कई पशु भी नदी, नालों में बह गए। जिला कलक्टर डॉ. एसपी सिंह ने बताया कि जो गांव कस्बों से कट गए हैं, वहां के लोग सुरक्षित हैं। दोपहर एक बजे बाद शाहाबाद, देवरी व कस्बाथाना में भोजन तैयार करा आधा दर्जन से अधिक गांवों में पहुुंचाने के लिए प्रशासनिक व पुलिस टीमें जुटी हई हैं।

 

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बारिश से हुआ बूंदी जिला तरबतर

बूंदी जिले में रातभर से हल्की बारिश का जोर बना हुआ है। नदियां और बांधों में पानी की आवक शुरू हो गई है। बारिश को किसानों ने धान और सोयाबीन की फसल के लिए फायदे का सौदा बताया है। सुबह 8 बजे तक बीते 24 घंटे में बूंदी में 21, तालेड़ा में 21, केशवरायपाटन में 37, इंद्रगढ़ में 27, नैनवां में 21 एवं हिण्डोली में 4 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है।

 

झालावाड़ में बांधों के गेट खोले
झालावाड़. जिले में आधी रात से शनिवार दोपहर तक बरसात की झड़ी लगी रही। सुबह जब लोगों की आंख खुली तो बारिश की झड़ी देखकर दंग रह गए। जहां देखा वहीं पानी नजर आया। बारिश से जिले के सभी नदी नाले उफान पर है। नदी नालों में उफान आने से मुख्यालय से गंावों का सम्पर्क कट गया। झालावाड़, खानपुर, बकानी में चार तो असनावर में करीब पांच इंच बरसात हुई। नदी-नालों में उफान आने से कई मार्ग बंद हो गए तो कई बांधों के गेट खोले गए। बाढ़ नियंत्रण कक्ष के अनुसार जिले में शुक्रवार सुबह 8 बजे से शनिवार सुबह 8 बजे तक झालावाड़ में 90 मिलीमीटर, झालरापाटन में 50, असनावर में 112, बकानी में 91, पिड़ावा में 45, पचपहाड़ में 28 , गंगधार में 22, मनोहर थाना में 50, खानपुर में 92 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई। रटलाई क्षेत्र में उजाड़ नदी उफान पर रही। भीमसागर बांध का जलस्तर भरवा क्षमता के ऊपर पहुंच गया। बांध में रातभर में 80 एमएम बरसात अभी तक दर्ज हो गई है।

 

इधर, छापी के गेट खोले

अकलेरा स्थित छापी बांध में पानी की आवक होने से चार गेट खोल कर पानी की निकासी की जा रही है। सुबह 6 बजे दो गेट खोल कर पानी की निकासी की गई। इसके बाद 7 बजे फिर से दो गेट और खोले गए। बांध के 4 गेटों से दो-दो मीटर पानी की निकासी की जा रही है।

 

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