सांगोद. क्षेत्र में विधानसभा चुनाव के पहले से बंद पड़ा नई सड़कों का काम दो साल बाद भी शुरू नहीं हो सका। चुनाव के पहले भाजपा सरकार ने सड़कों की स्वीकृति देकर काम तो शुरू करवा दिए लेकिन चुनाव के बाद सत्ता में आई कांग्रेस सरकार बजट जारी करना ही भूल रही है। ऐसे में सड़कों का काम बीते दो साल से बंद पड़ा है। अधूरी सड़कें वाहन चालकों को जख्म दे रही है। उखड़ी पड़ी सड़कों पर बने कई फीट के गड्डों में वाहन चालकों को भी हिचकोले खाते हुए सफर करना पड़ रहा है। मार्गो पर धूल के गुबार से वाहन चालक परेशान है तो टूटी सड़कों पर वाहनों की मरम्मत का खर्चा भी बढ़ रहा है। आए दिन कई दुपहिया वाहन चालक गिट्टी में फिसलकर चोटिल हो रहे है। लेकिन बजट के अभाव में संवेदक भी काम पूर्ण करने से पीछे हट रहे है। जिसका खामियाजा वाहन चालकों को भुगतना पड़ रहा है। अधूरी सड़कों पर आवागमन करना वाहन चालकों के लिए खासा चुनौतीभरा साबित हो रहा है। लेकिन सरकार सड़कों का कार्य पूर्ण करवाने को लेकर बजट जारी नहीं कर रही। सांगोद क्षेत्र में बजट के अभाव में करोड़ों रुपए की लागत से बनने वाले गौरव पथ, तीन बड़ी सड़कों समेत आधा दर्जन से अधिक छोटी सड़कों का काम रूका हुआ है।