
CAA protest
लखनऊ. सरकार के आदेशानुसार सीएए (CAA) और एनआरसी (NRC) के विरोध में हुए हिंसक प्रदर्शन (Protest) को लेकर पुनः कार्रवाई शुरू हो गई है। इस कड़ी में बुधवार को दो आरोपियों की दुकानों को सील कर दिया गया है। उन्हें 26.76 लाख का भुगतान करना था, जिसके लिए तीस दिनों की उन्हें मोहलत दी गई थी। समय से भरपाई न होने पर सरकार ने यह कार्रवाई की है। बीते वर्ष दिसंबर के माह में लखनऊ समेत प्रदेश भर के कई जिलों में हिंसक प्रदर्शन के दौरान करोड़ो रुपए की सार्वजनिक व निजी संपत्ति को नुकसान पहुंचाया गया था। सरकार के आदेश पर पुलिस ने सभी आरोपियों को चिन्हित कर उन्हें नोटिस जारी किया था। सीएम योगी के सख्त आदेश थे कि नुकसान करने वालों को ही भरपाई करनी होगी।
लखनऊ (सदर) तहसीलदार शंभू शरण सिंह ने इस बारे में बताया कि कि हसनगंज थाना क्षेत्र की दो दुकानों को सील किया गया है, इसमें एनवाई फैशन सेंटर और एक कबाड़ की दुकान शामिल है। ट्रांसगोमती एडीएम विश्वभूषण मिश्रा ने 13 फरवरी को यह कार्यवाही के लिए आदेश जारी किए थे। बताया जा रहा है कि गारमेंट की दुकान के सहायक स्टोर मैनेजर धरमवीर सिंह व कबाड़ की दुकान के मालिक, माहेनूर चौधरी उन 13 लोगों में शामिल हैं, जिन्होंने हसनगंज थाना क्षेत्र में संपत्ति को नुकसान पहुंचाया था। एडीएम ने उन्हें 30 दिनों के अंदर 21.76 लाख रुपये का भुगतान करने का आदेश दिया था। ऐसा न करने पर उनकी संपत्तियों को सील करने की चेतावनी भी दी गई थी।
अभी भी यह लोग भरपाई कर देते हैं तो सील हट जाएगी। वहीं गुरुवार से अन्य आरोपियों की संपत्तियां सील की जाएंगी।
Updated on:
01 Jul 2020 06:47 pm
Published on:
01 Jul 2020 06:47 pm
