पद्मावत रिलीज को लेकर पूरे यूपी में कई सिनेमाघर पीछे हटें, पुलिस ने सुरक्षा के लिए की ये तैयारी

संजय लीला भंसाली की फिल्म पद्मावत को लेकर डर रहें सिनेमाघरों के मालिक।

By: Dhirendra Singh

Published: 25 Jan 2018, 01:19 PM IST

लखनऊ. उत्तर प्रदेश में संजय लीला भंसाली की फिल्म पद्मावत की रिलीज चर्चा का बहुत बड़ा विषय बनी हुई है। कानून-व्यवस्था बनाए रखने की दृष्टि से यूपी पुलिस पर पद्मावत फिल्म को लेकर भारी दवाब है। हालांकि पद्मावत को लेकर सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद देश भर में पुलिस बल इस फिल्म के लिए सुरक्षा मुहैया कराया रही है। वहीं कई जगहों पर बवाल की आशंका के चलते मल्टीप्लेक्स और सिनेमाघरों के मालिकों ने पद्मावत को अपनी यहां लगाने से फिलहाल इंकार कर दिया है। इसमें लखनऊ का वेव सिनेमा में बकायादा नोटिस चिपका कर फिल्म न लगे होने की सूचना दी गई है। हालांकि इन सभी विवादों के बाद भी यूपी पुलिस ने पद्मावत की रिलीज पर सुरक्षा के लिहाज से सख्त निर्देश जारी किए हैं।

पद्मावत विवाद- किसी भी स्थिति से निपटने के लिए रहें तैयार

यूपी पुलिस अपर पुलिस महानिदेशक कानून-व्यवस्था आनंद कुमार कने प्रदेश के सभी जिलों के आईजी, एसएसपी, एसपी, थानेदारों के लिए फिल्म पद्मावत के रिलीज होने के संबंध में कई बिंदुओं पर सर्तकता बरतने के निर्देश दिए हैं।

1. अपने जनपद के सभी सिनेमाहाल, माॅल, मल्टीप्लेक्स की सुरक्षा के संबंध प्रबन्धकों और सुरक्षा में लगे कर्मियों के साथ बैठक कर ली जाये।
2. सम्भावित घटनाओं के दृष्टिगत जनपद के समस्त थाना प्रभारी, क्षेत्राधिकारी, अपर पुलिस अधीक्षक निरन्तर भ्रमणशील रहकर स्थिति पर सतर्क दृष्टि रखें, जिससे कहीं पर भी किसी प्रकार की कोई अप्रिय स्थिति उत्पन्न न होने पाये।
3. स्थानीय पुलिस की विशेष सुरक्षा युनिट, कर्मचारियों को सतर्क कर दिया जाये कि शरारती तत्वों पर कड़ी नजर रखी जाये। किसी भी अप्रिय सूचना पर प्रभावी निरोधात्मक कार्यवाही सुनिश्चित की जाये।
4. किसी भी आकस्मिक परिस्थिति से निपटने के लिये पूर्व से ही आकस्मिक प्लान तैयार रहें।
5. धरना, प्रदर्शन, ज्ञापन, रोड जाम, तोड़फोड़, आगजनी व अन्य घटनाओं के दृष्टिगत सतर्कता और पर्याप्त सुरक्षा सुनिश्चित करें।
6. किसी व्यक्ति, जातीय व राजनैतिक संगठनों द्वारा कानून अपने हाथ में लेने या कानून-व्यवस्था को कुप्रभावित करने का प्रयास किया जाता है, तो उसके विरूद्ध नियमानुसार कड़ी वैधानिक कार्यवाही सुनिश्चित की जाये।
7. जिन संगठनों के द्वारा इस फिल्म के प्रदर्शन का विरोध किया जाना सम्भावित है, उनसे पूर्व से ही संवाद स्थापित कर लिया जाये, ताकि शांतिपूर्ण विरोध के अतिरिक्त कानून-व्यवस्था किसी भी स्थिति में कुप्रभावित न होने पाये।

Dhirendra Singh
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned