पाकिस्तान, बांग्लादेश और म्यामांर से आये शरणार्थियों को यूपी में मिलेगी Sarkari Naukri

- योगी आदित्यनाथ सरकार का फैसला
- दूसरे राज्यों के युवक नहीं कर सकेंगे आवेदन
- सिंचाई विभाग ने तैयार किया Sarkari Naukri प्रस्ताव

By: Hariom Dwivedi

Published: 16 Jan 2021, 03:39 PM IST

पत्रिका न्यूज नेटवर्क
लखनऊ. उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार एक ओर जहां रोहिंग्याओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रही है वहीं, पाकिस्तान, बांग्लादेश और म्यामांर से आये प्रवासी शरणार्थियों को सरकारी नौकरी (Sarkari Naukri) देने की तैयारी में है। शासन से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, इसके लिए सरकार नियमों में बदलाव करने जा रही है। सम्बंधित प्रस्ताव जल्द ही कैबिनेट में रखा जाएगा। सरकार के निर्देश पर सिंचाई विभाग ने प्रस्ताव भी तैयार कर लिया है, जिसमें प्रवासी शरणार्थियों के लिए जरूरी शर्तें तैयार की गई हैं। नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) आने के बाद यूपी का सिंचाई विभाग पहला विभाग होगा जिसमें प्रवासी शरणार्थियों को सरकारी नौकरी दी जाएगी। उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग में जल्द ही सींचपाल, सींच पर्यवेक्षक और जिलेदार के सैकड़ों पद भरे जाने हैं।


इन पदों के लिए पाकिस्तान, बर्मा, बांग्लादेश के अलावा श्रीलंका, पूर्वी अफ्रीका के केन्या, युगांडा और तंजानिया जैसे दूसरे दूसरे देशों से आने वाले भारतीय मूल के नागरिकों को भी भर्ती का मौका दिया जाएगा। इनके अलावा सिंचाई विभाग में सरकारी नौकरी के लिए आवेदन के इच्छुक उम्मीदवारों को उत्तर प्रदेश का स्थाई निवासी होना अनिवार्य होगा। अभी तक इन पदों के लिए किसी भी राज्य का निवासी आवेदन कर सकता था। इसके लिए वे नागरिक भी आवेदन कर सकेंगे, जो भारत में स्थाई रूप से निवास करने के इरादे से आए हों। केंद्र सरकार की नौकरियों में तैनात लोगों के बच्चे भी आवेदन कर सकते हैं, बशर्ते वह तीन वर्ष से यूपी में रह रहे हों।

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पत्रिका पोल : 67 फीसदी लोग फैसले से असहमत
योगी आदित्यनाथ सरकार के इस फैसले पर पत्रिका उत्तर प्रदेश की टीम ने लोगों की राय जानने के लिए फेसबुक पेज पर एक पोल चलाया। 33 फीसदी फेसबुक यूजर्स ने इस फैसले को उचित बताया जबकि 67 फीसदी लोग सरकार के इस फैसले से सहमत नहीं हैं। कई लोगों ने कमेंट कर अपनी राय भी दी है। वहीं, पत्रिका उत्तर प्रदेश के ट्विटर पोल पर करीब 57 फीसदी लोगों ने सरकार के फैसले को अनुचित बताया है।

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