
UP Primary Schools: एक सितम्बर से खुलेंगे यूपी के प्राईमरी स्कूल, जानें क्या होंगे नियम और सरकार की तैयारी
लखनऊ. UP Primary Schools: उत्तर प्रदेश में बेसिक शिक्षा परिषद के कक्षा 1 से 8वीं तक के स्कूलों को एक सितंबर से खोला जा सकता है। बेसिक शिक्षा विभाग 15 अगस्त से खुल रहे माध्यमिक विद्यालयों में कोरोना संक्रमण की स्थिति का आंकलन करने के बाद एक सिंतबर से स्कूल खोलने का फैसला कर सकता है। दरअसल मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कोरोना संक्रमण की स्थिति नियंत्रित होने के चलते सभी शिक्षण संस्थानों में नवीन सत्र शुरू करने की तैयारी करने के निर्देश दिए थे। सीएम योगी ने परिषदीय स्कूलों में ग्राम्य विकास एवं पंचायतीराज विभाग की मदद से साफ-सफाई और सैनिटाइजेशन कराने, शौचालयों की सफाई कराने और क्लास में स्वच्छता के प्रबंध करने के भी निर्देश दिए थे। मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद बेसिक शिक्षा विभाग ने इसकी तैयारी शुरू कर दी है।
50 प्रतिशत क्षमता के साथ खुलेंगे स्कूल
जानकारी के मुताबिक उच्च स्तर पर 15 अगस्त से खुल रहे माध्यमिक विद्यालयों में विद्यार्थियों की उपस्थिति, 15 से 31 अगस्त तक संक्रमण की स्थिति और अभिभावकों का रूख देखकर परिषदीय विद्यालयों को खोलने का भी फैसला लिया जाएगा। ऐसे में अगर संक्रमण की स्थिति नियंत्रित रही तो परिषदीय स्कूलों को भी 50 प्रतिशत क्षमता के साथ एक सितंबर से खोल दिया जाएगा। वहीं बेसिक शिक्षा मंत्री सतीश चंद्र द्विवेदी का कहना है कि पहले हाईस्कूल, इंटर कॉलेज और डिग्री कॉलेज खुलने पर स्थिति का आंकलन किया जाएगा, उसके बाद ही परिषदीय स्कूल खोले जाएंगे।
जानें सरकार की तैयारी
वहीं सरकार के रुख के बाद प्रदेश के परिषदीय स्कूलों में साफ-सफाई और सैनिटाइजेशन कराने, शौचालयों और क्लास में साफ सफाई करवाने के लिये ग्राम्य विकास और पंचायतीराज विभाग के साथ बेसिक शिक्षा विभाग ने रणनीति बनाने की शुरुआत कर दी है। आपरेशन कायाकल्प के तहत प्राइमरी स्कूलों में मूलभूत सुविधाओं के साथ अन्य सुविधाएं जोड़ी जाएंगी।
कोविड नियमों का करना होगा पालन
आपको बता दें कि अगर एक सितंबर से प्राइमरी स्कूल खोले गए, तो उन्हें कोविड-19 प्रोटोकॉल के साथ खोला जाएगा। छात्रों से लेकर टीचिंग स्टाफ तक सभी को सोशल डिस्टेंसिंग के साथ साथ मास्क पहनना अनिवार्य होगा। यूपी में छात्रों को स्कूल आने के लिए उनके अभिभावकों की लिखित सहमति भी जरूरी होगी। बिना सहमति पत्र के स्कूल में प्रवेश नहीं दिया जाएगा। स्कूलों को बराबर सेनेटाइज किया जाएगा और स्कूल में थर्मल स्क्रीनिंग व हैंड सैनिटाइज करने के बाद ही क्लास में स्टूडेंट्स को एंट्री दी जाएगी।
Updated on:
5 Aug 2021, 11:25 AM IST
Published on:
5 Aug 2021, 11:25 AM IST
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