सरकार का इशाराः Netflix-Amazon Prime Videos जैसे OTT Platform की बढ़ सकती हैं मुश्किल

  • सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ( Ministry of Information and Broadcasting ) जल्द ओटीटी प्लेटफॉर्म ( ott platform ) को ले सकता है अपने दायरे में।
  • फिलहाल सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ( Ministry of Information Technology ) के अंतर्गत आता है यह प्लेटफॉर्म।
  • नेटफ्लिक्स ( netflix in India ), अमेजॉन प्राइम वीडियो ( Amazon Prime Videos ) आदि पर दिखाई जाने वाली सामग्रियों को लेकर कई बार आ चुकी हैं आपत्तियां।

नई दिल्ली। पिछले कुछ वर्षों से मशहूर हुईं वेब सीरीज को लेकर अक्सर कई बार आपत्तियां सामने आती रही हैं। इन्हें लेकर केंद्रीय सूचना और प्रसारण मंत्रालय ओटीटी ( Over the Top ) प्लेटफॉर्म पर दिखाई जाने वाली सामग्री को अपने दायरे में लाना चाहता है। इस बात का संकेत बुधवार को सूचना प्रसारण मंत्रालय ( Ministry of Information and Broadcasting ) ने दिया है।

इस संबंध में सूचना और प्रसारण मंत्रालय के सचिव अमित खरे ने बताया, "OTT ( ott platform ) एक डिजिटल प्लेटफॉर्म है। यह अभी सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ( Ministry of Information Technology ) के अंतर्गत आता है। इस प्लेटफॉर्म पर वेब सीरीज, सीरियल जैसी सामग्रियां दिखाई जाती हैं। इसलिए इस प्लेटफॉर्म को सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के तहत आना चाहिए।"

उन्होंने आगे यह भी कहा, "इस तरह के मसलों पर कामकाज करने के लिए विभिन्न मंत्रालय में आपसी तालमेल होना चाहिए। कारोबारी माहौल में इसका पालन किया जाना जरूरी है।" गौरतलब है कि भारत में प्लेटफॉर्म के हिसाब से नियामक बनाने की प्रक्रिया जारी है। हालांकि अभी तक भारत में ओटीटी प्लेटफॉर्म के लिए कोई रेगुलेटर नहीं है। प्रिंट, रेडियो, टीवी, फिल्म के लिए तो नियामक पहले से मौजूद हैं, जबकि ओटीटी प्लेटफॉर्म पर फिल्म रिलीज के लिए कोई नियामक अभी नहीं है।

दिल्ली हाईकोर्ट ने नेटफ्लिक्स-अमेजॉन प्राइम वीडियो पर प्रतिबंध लगाने वाली याचिका की खारिज

कोरोना वायरस को लेकर लागू राष्ट्रव्यापी लॉकडाउन के दौरान कई ओटीटी प्लेटफॉर्म जैसे नेटफ्लिक्स ( netflix in India ), अमेजॉन प्राइम वीडियोज ( Amazon Prime Videos ), जी5 ( ZEE5 App ), ऑल्ट बालाजी ( Alt Balaji ) आदि के यूजर्स की संख्या में तेज बढ़ोतरी देखने को मिली है।

गौरतलब है कि विश्व हिंदू परिषद समेत कई संस्थाओं ने ओटीटी पर हिंदू धर्म की भावनाओं को आहत करने और स्वस्थ समाज के खिलाफ शो दिखाए जाने का आरोप लगाया था। इस संदर्भ में विहिप ने सूचना प्रसारण मंत्री प्रकाश जावड़ेकर को पत्र लिखकर इन ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के लिए एक रेगुलेटरी बनाए जाने की भी मांग की थी।

वहीं, तमाम पैरेंट्स ने भी ऑनलाइन और ऑफलाइन प्लेटफॉर्म्स पर ओटीटी प्लेटफॉर्म्स पर दिखाई जाने वाली वेब सीरीज के संबंध में शिकायतें दर्ज कराई हैं। तमाम संगठनों का आरोप है कि इन वेब सीरीज में अश्लीलता, मादक पदार्थों का सेवन, गाली-गलौच समेत ऐसी सामग्री दिखाई जाती है, जो किशोरों के ऊपर दुष्प्रभाव डालती है। वहीं, इन प्लेटफॉर्म्स पर कोई भी कुछ भी देख सकता है और इसके लिए जरूरी नियम बनाए जाने की भी मांग की जाती रही है।

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अमित कुमार बाजपेयी
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