Lunar Eclipse 2021: कल दोपहर से लगेगा आंशिक चंद्रग्रहण, IMD ने दी अहम जानकारी

साल का पहला Lunar Eclipse 2021 कल, जानिए इसका समय और देश के किन इलाकों में दिखाई देगा

नई दिल्ली। 26 मई, बुधवार को बुध पूर्णिमा ( Buddha Purnima ) के अवसर पर साल का पहला चंद्रग्रहण ( Lunar Eclipse 2021 ) लगने वाला है। हालांकि भारत में यह आंशिक रूप से दिखेगा। यही वजह है कि उपछाया होने के कारण इस ग्रहण के किसी भी तरह के धार्मिक प्रभाव नहीं माने जाएंगे।

दरअसल ग्रहण के शुरू होने से पहले ही चंद्रमा पृथ्वी की उपछाया में दाखिल होता है। जब चंद्रमा धरती की वास्तविक छाया में आए बिना ही बाहर निकल आता है, तो उसे उपछाया ग्रहण कहते हैं। जब चंद्रमा पृथ्वी की वास्तविक छाया में दाखिल होता है, तब पूर्ण चंद्र ग्रहण होता है। उपछाया ग्रहण को वास्तविक चंद्र ग्रहण नहीं माना जाता है। इस बीच चंद्रग्रहण को लेकर भारतीय मौसम विभाग ( IMD ) ने बताया कि भारत में ग्रहण कहां-कहां दिखाई देगा।

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देश के इन हिस्सों में दिखाई देगा चंद्रग्रहण
भारत मौसम विज्ञान विभाग ( IMD ) के मुताबिक पूर्वोत्तर भारत के अलावा पश्चिम बंगाल के कुछ हिस्सों, ओडिशा के तटीय क्षेत्र और अंडमान-निकोबार द्वीप समूह के पास थोड़ी देर के लिए चंद्र ग्रहण का नजारा दिखने की संभावना है।

ये रहेगा ग्रहण का समय
चंद्र ग्रहण दिखाई देने की वक्त की बात करें तो इसकी शुरुआत दोपहर 3 बजकर 15 मिनट से होगी, जबकि शाम छह बजकर 23 मिनट पर समाप्त भी हो जाएगा। खास बात यह है कि ग्रहण पूर्ण चरण शाम 4 बजकर 39 मिनट पर होगा, जो शाम चार बजकर 58 मिनट तक रहेगा।

इस इलाके में सबसे ज्यादा देर तक दिखेगा ग्रहण
आईएमडी के मुताबिक ग्रहण देश के जिस इलाके में सबसे ज्यादा देर के लिए दिखेगा वो है पोर्ट ब्लेयर। यहां चंद्रग्रहण शाम 5 बजकर 38 मिनट से 45 मिनट तक के लिए देखा जा सकता है। जो भारत में ग्रहण का सबसे अधिक समय होगा।

यहां सिर्फ दो मिनट के लिए दिखेगा
यह पुरी और मालदा से भी शाम 6 बजकर 21 मिनट से देखा जा सकता है, लेकिन यहां नजारा सिर्फ 2 मिनट के लिए दिखेगा।

नहीं होगा चंद्रग्रहण का सूतक काल
ज्योतिष शास्त्र के मुताबिक, ग्रहण का सूतक काल ग्रहण के 9 घंटे पहले शुरू हो जाता है, लेकिन यह एक उपच्छाया चंद्र ग्रहण है, भारत में यह दिखाई भी नहीं पड़ेगा। ऐसे में इस ग्रहण का कोई सूतक काल नहीं होगा।

चंद्रग्रहण के दौरान न करें ये काम
- ग्रहण के दौरान अन्न जल ग्रहण नहीं करना चाहिए।
- चंद्र ग्रहण के दौरान स्नान नहीं करना चाहिए, ग्रहण खत्म होने के बाद या इससे पहले स्नान कर लें।
- ग्रहण को कभी भी खुली आंख से नहीं देखें।

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नवंबर में आएगा अगला चंद्र ग्रहण

भारत में अगला चंद्र ग्रहण 19 नवंबर को दिखेगा, वो एक आंशिक चंद्रग्रहण होगा. चंद्रोदय के ठीक बाद अरुणाचल प्रदेश और असम के सुदूर पूर्वोत्तर हिस्सों में बेहद कम समय के लिये आंशिक चरण नजर आएगा।

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धीरज शर्मा
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