Maharashtra Raigad Collapse: हादसे में अब तक 11 लोगों की मौत की खबर, कई लोग अब भी फंसे

  • Maharashtra Raigad Collapse इमारत ढहने के दूसरे दिन भी जारी है Rescue Operation
  • इमारत के मलबे से 20 घंटे बाद सकुशल निकाला गया 4 वर्ष का मासूम
  • सामने आया Video, देख कर आप भी हो जाएंगे भावुक

नई दिल्ली। महाराष्ट्र ( Maharashtra ) के रायगढ़ ( Raigad )जिले में हुए भीषण इमारत हादसे ( Building Collapse ) से एक राहत और सुकून देने वाली तस्वीर सामने आई है। तारिक गार्डन ( Tarak Garden ) के मलबे के विशाल ढेर से लोगों को निकालने के लिए बचाव कार्य तेजी से चल रहा है। इस मलबे से हादसे के 20 घंटे बाद एक मासूम को सकुशल बाहर निकालने में कामयाबी हाथ लगी है।

दरअसल इमारत गिरने के एक दिन बाद भी मलबे में दबे लोगों को बाहर निकालने का काम जारी है। इसी के तहत चार वर्षीय एक बच्चे को बचाव टीम के सदस्यों ने बाहर निकाला। हादसे के बीच मची अफरा तफरी में राहत देने वाली इस खबर का वीडियो भी सामने आया है।

मानसून को लेकर मौसम विभाग ने जारी किया सबसे बड़ा अलर्ट, देश के इन राज्यों में अगले कुछ घंटों में होगी जोरदार बारिश

कोरोना संकट के बीच तबलीगी जमातियों को लेकर कोर्ट ने सुनाया बड़ा फैसला, जानें क्या बताया कारण

महाराष्ट्र के रायगढ़ जिले में महाड तहसील के काजलपुरा में 24 अगस्त को पांच मंजिला आवासीय इमारत ढह गई थी। मलबे में दबने से अब तक 11 लोगों की मौत की खबर है, वहीं कुछ लोगों के फंसे रहने की अब भी आशंका जताई जा रही है।

हादसे के दूसरे दिन रेस्क्यू ऑपरेशन ( Rescue Operation ) के दौरान 4 साल के बच्चे को बचाया गया है। NDRF के डिप्टी कमांडेंट ने बताया कि बच्चा पूरी तरह ठीक है। अधिकारी के मुताबिक ये बच्चा एक किनारे दुबका हुआ था। NDRF के दो जवान जब मलबे को हटा रहे थे, तभी एक किनारे में बच्चे को देखा गया था, फिर उसे बाहर निकाला गया और अस्पताल भेजा गया।

डॉग स्क्वायड की ली गई मदद
इमारत के मलबे से निकालने के लिए कई टीमें एक साथ जुटी हुई हैं। इनमें एनडीआरएफ, रायगढ़ पुलिस, फायर ब्रिगेड और अन्य गैर-सरकारी संगठनों की टीमें बचाव कार्य में लगी हुई हैं। लोगों को बचाने के लिए डॉग स्क्वॉयड की भी मदद ली गई, ताकि मलबे में दबे लोगों का सूंघकर उनका पता लागाया जा सके और मलबे से बाहर निकाला जा सके।

इस दर्दनाक हादसे के बाद सरकार भी हरकत में आई है। शहरी विकास मंत्री एकनाथ शिंदे ने इस घटना की विस्तृत जांच के आदेश दिए हैं। वहीं सरकार इस त्रासदी के लिए कम से कम 6 दोषियों की पहचान कर चुकी है, जिन पर मामला दर्ज किया जा रहा है।

इमारत में करीब 45 फ्लैट बताए जा रहे हैं। इनमें करीब 100 लोग रहते थे। घायलों को मुंबई से करीब 170 किलोमीटर दूर महाड के एक स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

Show More
धीरज शर्मा
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned