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प्लास्टिक फैक्ट्री बंद होने बेरोजगार हो गए थे रेयान स्कूल खोलने वाले पिंटो, अब हर साल खोलते हैं 5 स्कूल

रेयान इंटरनेशनल ग्रुप ऑफ इस्टीट्यूशन की स्थापना 1976 को अगस्टाइन एफ पिन्टो ने की थी। आइए जानते हैं कैसे पड़ी रेयान ग्रुप की नींव।

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Chandra Prakash Chourasia

Sep 11, 2017

Ryan International School

नई दिल्ली। सात साल के मासूम प्रद्युम्न ठाकुर की हत्या के बाद रेयान इंटरनेशनल स्कूल इन दिनों दिल्ली ही नहीं बल्कि पूरे देश में चर्चा का विषय बना हुआ है। इसके साथ ही चर्चा में बने हुए हैं रेयान स्कूल के संस्थापक। रेयान इंटरनेशनल ग्रुप ऑफ इस्टीट्यूशन की स्थापना 1976 को अगस्टाइन एफ पिन्टो ने की थी।


देश में 130 और खाड़ी देश में 5 ब्रांच
आज देश में रेयान ग्रुप के 130 से ज्यादा स्कूल हैं। जिसमें 18 हजार से ज्यादा टीचर करीब 2 लाख 70 हजार बच्चों को पढ़ा रहे हैं। हर साल रेयान स्कूल से 30 हजार बच्चे पास आऊट होते हैं। खाड़ी देश में रेयान के ब्रांच हैं। जहां इस ग्रुप ने पांच स्कूल खोल रखे हैं।


हर साल 5 स्कूल खोलना लक्ष्य
कुछ समय पहले रेयान इंटरनेशनल ग्रुप ऑफ इस्टीट्यूशन ने अमरीका, थाइलैंड, मालदीव और संयुक्त अरब अमीरात में शिक्षा के क्षेत्र में कई समझौते किए हैं। रेयान ग्रुप ने पिछले कुछ सालों में अपने गुप्र में 4 से पांच स्कूलों को शामिल करता है।

प्लास्टिक कंपनी में काम करते थे एफ पिन्टो
रेयान इंटरनेशनल ग्रुप ऑफ इस्टीट्यूशन के संस्थापक अगस्टाइन एफ पिन्टो का जन्म कर्नाटक के मैंगलोर में हुआ था। काम की तलाश में मुंबई आए पिन्टो ने 1970 में पहली बार एक प्लास्टिक की कंपनी में नौकरी की थी। दो साल बाद ही कंपनी बंद हो जाने से बेरोजगार हुए पिन्टो ने अपने एक दोस्त की सहायता से पहली बार शिक्षा के क्षेत्र में कदम रखा और मलाड के एक स्कूल में अर्थशास्त्र के शिक्षक बन गए।


पहली बार पढ़ाने पहुंचे और हो गया प्यार
इसी दौरान अगस्टाइन एफ पिन्टो को स्कूल की गणित की टीचर ग्रेस एलबुबर्क से प्यार हो गया। कुछ समय साथ गुजारने के दौरान ही इन्हें इस बात का पता चला कि इनके सपने एक जैसे ही हैं। दोनों इंग्लिश मीडियम स्कूल खोलने की इच्छा रखते थे। इसके बाद 1974 में दोनों ने शादी कर ली।

फेल हो गया था पहला स्कूल
शादी के दो साल बाद 1976 में अगस्टाइन एफ पिन्टो और ग्रेस एलबुबर्क यानि ग्रेस पिन्टो ने 10 हजार रुपए लगाकर मुंबई के बोरिवली में एक स्कूल खोला, लेकिन यह स्कूल ज्यादा दिन नहीं चल पाया और बंद हो गया। इसके बाद 1983 में बोरिवली इस्ट में ही एक दूसरा स्कूल खोला जिसे नाम दिया सेंट जेवियर्स हाई स्कूल जो काफी सफल रहा।

बेटे रेयान के नाम पर रखा ग्रुप का नाम

अगस्टाइन एफ पिन्टो और मैडम ग्रेस पिन्टो ने इसके बाद अपनी दूसरी ब्रांच खोली जिसका नाम बेटे रेयान पिन्टो के नाम पर रखा। रेयान पिन्टो ने लंदन के कास बिजनेस स्कूल से बिजनेस एंड आंत्रप्रन्योपशिप की ड्रिगी हासिल करने के बाद रेयान ग्रुप की जिम्मेदारी संभाली। रेयान पिन्टो इस गुप्र के चीफ एक्गीक्यूटिव ऑफिसर हैं और विदशों में रेयान इंटरनेशनल ग्रुप ऑफ इस्टीट्यूशन का काम देखते हैं।


पूरा परिवार संभालता है रेयान ग्रुप
अगस्टाइन एफ पिन्टो ग्रुप के चैयरमैन और कैंपस डायरेक्टर हैं। मैडम ग्रेस पिन्टो इस ग्रुप की मैनेजिंग डायरेक्टर हैं। इनकी दोनों बेटियां स्नेहल पिन्टो और सोनल पिन्टो भी रेयान गुप्र के काम देखती हैं।