Hospital में Admit होने की जरुरत नहीं, Home Healthcare के तहत कर सकते हैं Claim

ICICI Lombard General Insurance के Executive Director संजीव मंत्री से Patrika.com की खास बातचीत।

By: Saurabh Sharma

Published: 28 Jul 2020, 05:39 PM IST

नई दिल्ली। जब से कोरोना वायरस ( coronavirus ) देश में फैला है तब से देश में हेल्थ इंश्योरेंस ( Health Insurance ) की बाढ़ सी आ गई है। हर कंपनी नई स्कीम के साथ अपना प्रोडक्ट लेकर आ रही है। अब सरकार की ओर से भी अपना हेल्थ इंश्योरेंस इंट्रोड्यूस किया है। वहीं कुछ कंपनियों की ओर से ऐसी सुविधाएं भी दी जा रही हैं जिसमें आप बिना हॉस्पिटल जाए घर पर इलाज कराकर कंपनी से इलाज के खर्च को क्लेम कर सकते हैं। तमाम दावों और वादों के बीच कस्टमर उलझ गए हैं। इसी उलझन को दूर करने के लिए आज हमने आईसीआईसीआई लोम्बार्ड जनरल इंश्योरेंस ( ICICI Lombard General Insurance ) के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर संजीव मंत्री से बात की। उन्होंने कंपनी के खास उत्पादों और सुविधाओं के बारे में जानकारी दी। साथ ही यह भी बताया कि उनके प्रोडक्ट किस तरह से दूसरों से अलग और बेहतर है।

प्रश्न: आईसीआईसीआई लोम्बार्ड कोविद -19 लॉकडाउन के दौरान बहुत सारी पहल कर रहा है। कई स्पेशल प्रोडक्ट्स लांच किए हैं। कई डिजिटल सर्विसेज की पेशकश की जा रही है। एक कंपनी के रूप में आपने किस तरह के थॉट प्रोसेस को अपनाया है?
उत्तर: आईसीआईसीआई लोम्बार्ड में, हम मानते हैं कि मौजूदा कोविद -19 महामारी की तरह चुनौतीपूर्ण समय के दौरान, हमें अपने ग्राहकों की मदद करने के लिए थोड़ा ज्यादा आगे बढऩे की आवश्यकता है। यह हमारे लिए वो क्षण जिसमें हम सच्चाई के साथ अपने ग्राहकों को संभालने की जरूरत है। इस तरह हम अपने निभाए वादे ब्रांड को चरितार्थ कर सकते हैं।
वहीं न्यू नॉर्मल में ग्राहक विशेष तरीके से व्यवहार कर रहे हैं। वे चाहते हैं कि उनका बीमाकर्ता भी जीवन के इन नए तरीकों से जुड़ जाए। मौजूदा वातावरण सोशल डिस्टेंसिंग, संपर्कविहीनता और डिजिटल सॉल्यूशंस के साथ है।
ध्यान में रखने वाली बात यह है कि हम प्रोडक्ट्रस, सर्विस और कस्टमर सपोर्ट टूल्स पेश कर रहे हैं। हमारे ग्राहक वेब, मोबाइल और एप्लिकेशन जैसे समाधानों बीमा को खरीदने, उसे रिन्यु कराने और क्लेम करने जैसे सविसेज को सहज तरीके अनुभव कर रहे हैं।
लॉकडाउन के दौरान ग्राहकों को डॉक्टर से परामर्श करने की आवश्यकता हो सकती है। हालांकि, शारीरिक रूप से डॉक्टर से मिलना एक अहम चुनौती है। हमने इस चुनौती समझा और ग्राहकों को मौजूदा परिस्थितियों में डॉक्टरों से परामर्श लेने के लिए संपर्क रहित मैकेनिज्म की जरुरत है। इसलिए, हमने अपने ऐप "ढ्ढरुञ्ज्र्यश्वष्ट्रक्रश्व" के माध्यम से अपने सभी ग्राहकों के लिए 2 मुफ्त टेली-परामर्श पेश किए।

इस ऐप से ग्राहक डॉक्टर से 24&7 से कंसल्ट कर सकता है। डॉक्टर द्वारा बताई गई दवाओं को मंगाने के लिए ऑनलाइन ऑर्डर कर सकता हैै। अगर किसी फार्मेसी या डायग्नोस्टिक्स में खुद जाने की जरुरत है तो आप टेली-कंसल्टिंग डॉक्टर के पर्चे का उपयोग कर सकते हैं।

इसके अलावा, हमने कोविड-19 को समर्पित इंश्योरेंस कवर पेश किया, जिसका ग्राहक लाभ उठा सकते हैं। जिसके तहत संक्रमण के पहले इलाज का पूरा खर्च बीमा के तहत भुगतान होता है। हमने इस उत्पाद को ग्रुप इंश्योरेंस मोड में लांच किया है। जिसे कई प्रमुख भागीदारों के साथ उपलब्ध कराया गया है।

प्रश्न: आपके द्वारा किए जा रहे समाधानों पर आपको किस तरह की प्रतिक्रिया मिल रही है? महामारी के कारण स्वास्थ्य के प्रति बढ़ती जागरूकता को देखते हुए क्या उपभोक्ताओं द्वारा हेल्थ इंश्योरेंस पर ज्यादा इंक्वायरी देखने को मिल रही है?
उत्तर: कोरोना वायरस महामारी का उपभोक्ताओं पर ज्यादा प्रभाव देखने को मिल रहा है। लोगों द्वारा सोशल डिंस्टेंसिंग के उपायों के साथ दूसरों के साथ संपर्क में आने से बच रहे हैं। इसे देखते हुए, हमारे समाधानों में सकारात्मक प्रतिक्रिया देखी गई है। हमारे द्वारा रोजाना हम सैकड़ों ग्राहकों के साथ टेली-टेलीकंसलटेंसी का आयोजन कर रहे हैं।

जब हम हेल्थ इंश्योरेंस की बात करते हैं तो ग्राहक की रुचि और चिंता सबसे अहम है। हालांकि भारत ने कोरोना वायरस की रोकथाम के लिए शुरुआती दिनों में उपाय कर कंट्रोल करने की कोशिश की है, लेकिन हालिया दिनों में कोरोना वायरस के केसों में बेतहाशा वृद्घि देखने को मिली है। देश में 85 दिनों के लॉकडाउन होने के बाद मामलों की संख्या में लगातार इजाफा देखने को मिल रहा है।

वास्तव में जैसा कि अनलॉक 1 से अनलॉक 2 में देखने को मिला है कि संक्रमण बढऩे की संभावना को देखते हुए थोड़ा और राहत देने की जरुरत है। इसके अलावा मौजूदा समय में देश में प्रति मिलियन लोगों पर लगभग 4,600 टेस्ट हो रहे हैं। जो दूसरसे देशों की तुलना में काफी कम है। उदाहरण के तौर पर देखें तो अमरीका जैसे विकसित देश में प्रति मिलियन जनसंख्या पर 80,000 टेस्टिंग हो रही है। वहीं रूस जैसे देश में प्रति मिलियन जनसंख्या पर एक लाख से अधिक टेस्टिंग कर रहा है।

अब उपभोक्ताओं को भी समझ में आना शुरू हो गया है कि उन्हें इस स्थिति के साथ एडजस्ट करके रहना होगा। खुद को कोरोना से सुरक्षित करना होगा। ऐसे में स्वास्थ्य और बीमा से संबंधित इंक्वायरी में इजाफा देखने को मिल रहा है।

उदाहरण से समझने का प्रयास करें तो भारत में 'स्वास्थ्य' को लेकर सोशल मीडिया पर महीने दर महीने बातचीत में भी इजाफा देखने को मिल रहा है। पिछले 3 महीनों के दौरान, बातचीत की संख्या लगभग 1 मिलियन से बढ़कर लगभग 5 मिलियन हो गई है।
अगर बात हेल्थ इंश्योरेंस की आती ळै तो बीते तीन महीनों में ऑनलाइन सर्च करने वालों की संख्या में 350 फीसदी से ज्यादा का इजाफा देखने को मिला हैै।

प्रश्न: आपने अपनी हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसीज में में होम हेल्थकेयर बेनिफिट्स भी पेश किए हैं। इसका मतलब है कि अब मैं अपना स्वास्थ्य बीमा के तहत अपना इलाज कराकर अपने क्लेम कर सकता हूं, फिर चाहे मैं हॉस्पिटल में एडमिट रहूं या नहीं। मुझे लगता है कि यह मौजूदा समय में सोशल डिस्टेंसिंग जैसे नियमों का पालन करने के लिए काफी अहम हैै। आप इस सुविधा में क्या खास लेकर आए हैं? आपको क्या लगता है कि यह लाभ किसके लिए सबसे अधिक उपयोगी होगी?

उत्तर: जैसा कि मैंने कहा हम उपभोक्ता के बदलते व्यवहार को करीब से देखने का प्रयास करते हैं। बदलती प्राथमिकताओं के साथ खुद को भी जोड़ले की कोशिश करते हैं। मौजूदा समय में जब अस्पताल जाना बेहद खतरनाक है क्योंकि वहां पर संक्रमण होने का खतरा ज्यादा है। ऐसे में हमने अपने मौजूदा स्वास्थ्य बीमा योजना में होमकेयर बेनिफिट्स देने की शुरुआत की है।

इसका फायदा सभी आयु वर्ग के और महिला और पुरुष दोनों में से कोई भी ले सकता है। यह फिजियोथेरेपी, अस्थमा के दौरे, गहरे घाव, पुरानी बीमारी आदि की बीमारियों से संबंधित उपचार के लिए उपलब्ध हो सकता है। वहीं इसका लाभ वो लोग भी ले सकते हैं जिनका कोरोना वायरस का टेस्ट हुआ है और जो मामूली रूप संक्रमित होकर घर पर भी इलाज कराना चाहते हैं।

होम हेल्थकेयर सुविधा के साथ हम जरूरत पडऩे पर डॉक्टर के खर्च, टेली-कंसलटेंसी, नर्स सेवाएं, फार्मेसी डिलीवरी, लैब टेस्टिंग और यहां तक कि चिकित्सा उपकरणों के लिए हरसंभव भुगतान करने का प्रयास करेंगे।

प्रश्न: यह कैसे काम करता है? घर पर इलाज के लिए मुझे किन मामलों में अपना स्वास्थ्य बीमा करवाना चाहिए?
उत्तर: यह एक निर्बाध प्रक्रिया है। अगर आपका डॉक्टर होम केयर ट्रीटमेंट की सलाह देता है तो वो हॉस्पिटल जो हमारे पैनल में आपका घर पर इलाज शुरू कर सकता है। वहीं आप विकल्प के तौर पर हमारे पास भी आ सकते हैं, हम आपके घर पर सभी उपचार संबंधी सेवाओं, डॉक्टर, नर्स आदि की व्यवस्था करने का काम करेंगे। हमारी ओर से कई डॉक्टर्स के साथ समझौता किया हुआ हैै।

जैसा कि मैंने उल्लेख किया है, हम सभी प्रकार के स्वास्थ्य उपचार के लिए दावों का भुगतान करेंगे। इसमें तीव्र जठरांत्र, पुरानी बीमारियां, फिजियोथेरेपी, पोस्ट-ऑपरेटिव देखभाल आदि शामिल हैं। जब आप हमारे पैनल के हॉस्पिटल और डॉक्टर्स से सुविधा का लाभ लेते हैं तो पूरा प्रोसेस कैशलेस होगा।

प्रश्न: यह सेवा वास्तव में निर्बाध है यदि मैं आपके नेटवर्क अस्पताल के माध्यम से बीमाकर्ता के रूप में संपर्क करूं? लेकिन मेरे दावे के बारे में क्या होगा अगर मेरे पास अपना होमेकेयर डॉक्टर या अस्पताल है जो आपकी सूची में नहीं है?
उत्तर: जो हमारे पैनल में नहीं है वहां पर संपर्क करने या इलाज कराने से पहले आपको आईसीआईसीआई लोम्बार्ड ऑथराइजेशन लेना होगा। ऐसे मामलों में हम हम सभी डॉक्युमेंट्स की प्राप्ति के बाद आपके दावे का भुगतान करेंगे। यह कहने के बाद भी हम यह सुनिश्चित करना चाहते हैं कि हमारे नेटवर्क में हाइली क्वालिफाइड डॉक्टर्स और सर्विस प्रोवाइडर्स हैं। जहां पर अच्छी क्वालिटी की सर्विस दी जा रही है।

प्रश्न: आपने एक ऐसी सर्विस शुरू की है जिसमें कोविड 19 पॉजिटिव होने पर भी जमा हुए बोनस में कटौती नहीं होती है। मुझे लगता है कि ऐसे समय में बहुत मायने रखता है जब हम यह सुनिश्चित करने की कोशिश कर रहे हैं कि हम आर्थिक रूप से सुरक्षित रहें। इस अनूठे फीचर के बारे में थोड़ी रोशनी डालिए।
उत्तर: आमतौर पर, हमारे रिटेल प्रोडक्ट्स में ग्राहक हर साल मुफ्त में हर क्लेम की बीमित राशि पर 10 फीसदी सम एश्योर्ड राशि अर्जित करते हैं। अतिरिक्त बीमा राशि के संचय की अधिकतम सीमा बीमा राशि का 50 फीसदी है।

पॉलिसी के निरंतर नवीनीकरण की स्थिति में सम एश्योर्ड जमा होता रहता हैै। यदि किसी विशेष वर्ष में क्लेम किया जाता है तो उस वर्ष में बीमित राशि में 10 फीसदी की कमी आ जाती है।

मौजूदा हालातों को देखते हुए जहां काफी अनिश्चितता का माहौल बना हुआ है, ऐसे में हमने सोचा कि ग्राहकों की सुविधा को देखते हुए सम एश्योर्ड में कटौती करना ठीक नहीं है। हम इस पर निरंतर आगे बढ़ रहे हैं। साथ ही यह भी सुनिश्चित कर रहे हैं कोरोना के इलाज के खर्च का क्लेम करने वालों के सम एश्योर्ड तमें किसी तरह की कटौती ना की जाए। यानी हमारे ग्राहक पॉलिसी के रिन्युअल पर जमा किए हुए सम एश्योर्ड का लाभ ले पाएंगे।

प्रश्न: नए ग्राहकों के बारे में क्या कहेंगे? क्या आपने उनके लिए कोई कोविड -19 विशिष्ट सुविधा शुरू की हैं?
उत्तर: हां, हमने न केवल मौजूदा ग्राहकों के लिए बल्कि नए पॉलिसीधारकों के लिए भी सुविधाओं पर विचार किया है। हमारे देश में स्वास्थ्य नीतियों में आमतौर पर किसी भी अस्पताल में भर्ती से संबंधित दावों के लिए 30 दिनों की शुरुआती वेटिंग पीरियड होता हैै। इस में दुर्घटना से संबंधित दावे को शामिल नहीं किया जाता हैै। हमने महसूस किया कि कोरोना वायारस एक असाधारण स्थिति है, ऐसे में हमने सोचा है कि कोविड से संबंधित अस्पताल में भर्ती होने वाले नए ग्राहकों के लिए शुरुआती वेटिंग पीरियड को 30 दिनों से कम कर 15 दिन कर दिया जाए। हम में से कोई भी नया ग्राहक 15 दिनों की पॉलिसी खरीदने के बाद कोविड -19 खर्च के लिए दावा कर सकेगा।

Show More
Saurabh Sharma Desk/Reporting
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned