कार में तकरीबन दो क्ंिवटल गांजा रखा हुआ था। गांजा की बाजारू कीमत तकरीबन 10 लाख रुपए बताई जा रही है।
रायपुर. छत्तीसगढ़ के जांजगीर चांपा जिले के सारागांव थाना क्षेत्र के ग्राम मुड़पार में ग्रामीणों ने रविवार की सुबह एक गांजा तस्कर को भागने के फिराक में पकड़ लिया। कार में तकरीबन दो क्ंिवटल गांजा रखा हुआ था। गांजा की बाजारू कीमत तकरीबन 10 लाख रुपए बताई जा रही है। कार में दो तस्कर थे जो पुलिस के पकड़े जाने के डर में कार में ही गांजा को छोडक़र भाग निकले। ग्रामीणों ने एक तस्कर को दौड़ाकर पकड़ लिया। पकड़ा गया युवक कोरबा के पुराना कांशी नगर का रहने वाला है। पुलिस उससे पूछताछ कर रही है।
सारागांव पुलिस को रविवार की सुबह मुड़पार के ग्रामीणों ने फोनकर बताया कि एक लक्जरी कार क्रमांक सीजी 08 के 0910 जिसमें कांगे्रस के मंडल महामंत्री लिखा हुआ है। कार में दो युवक सवार थे और वे कार में दो क्ंिवटल गांजा को छोडक़र भाग रहे थे। एक युवक को दौड़ाकर पकड़ लिया। घटना की सूचना पाकर पुलिस तत्काल मुड़पार गांव पहुंची और कार समेत गांजा को अपने कब्जे में ले लिया।
पकड़े गए युवक से पूछताछ की जिसमें युवक कांशीनगर कोरबा का रहने वाला कृष्ण दास बता रहा है। युवक कहां से गांजा ला रहे थे और कहां खपाने के फिराक में थे इस बात की पूछताछ पुलिस कर रही है। कार में तकरीबन दो क्ंिवटल गांजा रखा हुआ था। पुलिस गांजे की तौल कराते हुए आरोपी से पूछताछ कर रही है। गांजा तस्करों के खिलाफ पुलिस एनडीपीएस की धारा २० बी के तहत जांच पड़ताल कर रही है।
कार में लिखा मंडल महामंत्री
शासन मिलते ही कार में अब कांग्रेस के पदाधिकारियों का पद नाम लिखकर चलते दिखाई दे रहे हैं। ऐसी कार में अब काला कारोबार भी होने लगा है। पकड़ा गया गांजा तस्कर को शायद इसी बात का खुमार था कि यदि वह कांगेे्रस पदाधिकारी का स्टीकर कार में लगाएगा तो वह सुरक्षित रहेगा। दिलचस्प बात यह है कि कार में दो तरह के नंबर प्लेट मिले हैं। एक नंबर ओडिशा पासिंग का है। तो दूसरा नंबर छत्तीसगढ़ का है। बताया जा रहा है कि ओडिशा से छत्तीसगढ़ आने के बाद यहां का नंबर कार में लगा लिया था।
ओडिशा से ला रहा था गांजा
वाहन में सवार कृष्णा दास पिता बुचकू दास महंत 34 का कहना है कि वह ओडिशा से रातों रात गांजा ला रहा था और क्षेत्र में खपाने के फिराक में था। उसकी कार 100 की स्पीड में थी। कार बम्हनीडीह होकर अफरीद की ओर से 100 के स्पीड में गुजरी और उसे शंका हो गई कि पुलिस को इसकी सूचना मिल चुकी है। यही वजह है कि वे गांजा को छोडक़र भाग रहे थे। एक आरोपी भागने में कामयाब हो गया वहीं दूसरा पकड़ा गया। पकड़ा गया युवक भागने वाले युवक का नाम पता नहीं बता रहा है।