हेरिटेज किले को नया लुक दे रहे लोक संस्कृति के मांडणा

शहर के किले में पर्यटकों को आकर्षित करने हेरिटेज लुक में दिया जा रहा देशी लुक, मुक्तिबोध वीथिका और सभागार भी तैयार

By: jay singh gurjar

Published: 28 Feb 2021, 09:05 PM IST

श्योपुर,
एक हजार साल पुराने श्योपुर के ऐतिहासिक किले में पर्यटन का माहौल तैयार करने और पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए अब लोक संस्कृति का लुक भी दिया जा रहा है। जिला पुरातत्व एवं पर्यटन परिषद के माध्यम से वर्तमान में किले भीतर भाग के चबूतरों को जिले की ग्रामीण संस्कृति की मांडणा कला से सजाया जा रहा है।


यही वजह है कि हेरिटेज किले में दिया जा रहा देशी तडक़ा मनमोहक नजर आ रहा है। घरों और दीवारों को सजाने के लिए जिले की पंरपरागत मांडणा कला को भी इसके माध्यम से पुनर्जीवित करने का प्रयास किया जा रहा है। यही वजह है कि किले के प्रवेश द्वार के पास ही बने चूबतरे की दीवारों पर स्थानीय महिलाओं द्वारा आकर्षक मांडणा बनाए जा रहे हैं।


मुक्तिबोध सभागार भी हुआ तैयार
साहित्य के क्षेत्र में श्योपुर केा देश-दुनिया में पहचान दिलाने वाले महाकवि गजानन माधव मुक्तिबोध की स्मृति में परिषद द्वारा किले के एक कक्ष मेंं मुक्तिबोध सभागार और वीथिका भी बनाई जा रही है। इसकी भी मरम्मत और रंगा-पुताई के साथ ही सजावट का कार्य पूरा हो गया है। इस कक्ष में मुक्तिबोध की रचनाओं को भी दीवारों पर सजाया गया है।


कलेक्टर ने लिया जायजा
शहर के ऐतिहासिक किले को दिए जा रहे नए लुक और मुक्तिबोध वीथिका का जायजा लेने रविवार को कलेक्टर राकेश कुमार श्रीवास्तव पहुंचे। इस दौरान कलेक्टर श्रीवास्तव ने किले के प्रवेश द्वार के निकट बनाए जा रहे मांडणा कला को देखा, साथ ही किले के अन्य महलों का भी भ्रमण किया। इसके साथ ही मुक्तिबोध वीथिका और मुक्तिबोध सभागार का भी जायजा लिया। इस अवसर पर एसडीएम रूपेश उपाध्याय भी मौजूद रहे।

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