scriptWife was murdered, husband sentenced to life imprisonment | पत्नी के गले में रस्सी डालकर की थी हत्या, अब पति को आजीवन कारावास | Patrika News

पत्नी के गले में रस्सी डालकर की थी हत्या, अब पति को आजीवन कारावास

locationसीकरPublished: Jan 20, 2024 01:09:15 pm

Submitted by:

Ajay Sharma

न्यायाधीश ने कहा कि मृतका के दो बेटे 7 वर्ष व 12 वर्ष के हैं जो दोनों बेसहारा हो गए हैं। अभियुक्त ने पति-पत्नी के अटूट अटूट पवित्र रिश्ते को शर्मसार किया है।

दोनों बेटों सहित अन्य गवाहों के बयानों व सबूतों के आधार पर सुनाई सजा
दोनों बेटों सहित अन्य गवाहों के बयानों व सबूतों के आधार पर सुनाई सजा
अपर सेशन न्यायालय क्रम संख्या-1 के न्यायाधीश जगदीश प्रसाद मीना ने मृतका के बच्चों की गवाही पर पत्नी की हत्या करने के आरोपी पति महेश कुमार पुत्र किशनाराम को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। आरोपी पर 1.5 लाख रुपए का जुर्माना भी लगाया गया है। अभियुक्त ने अपनी पत्नी की उसके गले में रस्सी डालकर उसे चारपायी के पागे से झटके से खींचकर उसकी निर्मम हत्या कारित की थी। न्यायाधीश ने कहा कि मृतका के दो बेटे 7 वर्ष व 12 वर्ष के हैं जो दोनों बेसहारा हो गए हैं। अभियुक्त ने पति-पत्नी के अटूट अटूट पवित्र रिश्ते को शर्मसार किया है। इस कारण अभियुक्त सजा में कोई नरमी पाने का हकदार नहीं है।
एपीपी गोपालसिंह बिजारणियां ने बताया कि परिवादी धमेंद्र कुमार ने 25 फरवरी 2018 को दादिया थाना में रिपोर्ट दर्ज करवाई। रिपोर्ट में लिखा कि पीड़ित की बहन कविता की शादी 22 जनवरी 2006 को दीनारपुरा के महेश के साथ हुई थी। पीड़ित की बहन के दो लड़के हैं। शादी के कुछ समय बाद ही ससुराल वाले जिनमें सास, ससुर, देवर पति महेश कुमार दहेज की मांग करे लेकर मारपीट करते थे। इस पर उन्होंने वर्ष 2006-07 में बहन कविता के ससुर के खाते में एक लाख रुपए छरले थे। पैसे देने के बावजूद भी आरोपी पैसे मांगते रहते थे और कविता के साथ मारपीट करते थे। पांच महीने पहले उसका भाई नेमीचंद व बेटा अमित कुमार बहन से मिलने के लिए गए थे। तब पति महेश कुमार व सास बनारसी देवी कविता के साथ मारपीट कर रहे थे। अभियुक्त महेश कुमार बस चलाता था। 25 फरवरी 2018 काे सुबह करीब चार बजे पुलिस थाना दादिया से फोन आया कि कविता की मृत्यु हो चुकी है। ऐसे में परिवार के लोग दीनारपुरा गए। पीड़ित ने सास-ससुर, ननद, पति व देवर-देवरानी के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज करवाया। पुलिस ने 43 सबूत पेश किए। आरोपी को पांच साल 10 माह बाद सजा सुनाई गई। न्यायालय ने मृतका के दोनों बेटों को पीड़ित प्रतिकार राशि दिलवाए जाने के भी आदेश दिए हैं।
दोनों बेटों ने दी गवाही
गवाही में मृतका के बच्चों ने गवाही दी कि घटना के दिन उनकी बुआ घर आई थी। उनके दादा-दादी व चाचा-चारी कभी प्लॉट तो कभी घर पर रहते थे। उनके पापा शराब पीते थे व उसकी मम्मी के साथ मारपीट करते थे। पापा उस दिन भी शराब पीकर आए थे, वे अपने कमरे में चले गए। बुआ उन्हें चॉकलेट खिलाकर दादा के प्लॉट पर ले गई। वहां पर उन्हें खाना खिलाकर बहला-फुसला कर सुला दिया। सुबह बच्चों को मां की मौत का पता चला। बच्चों ने बताया कि उनकी मां को पिता व दादी ने मारा है।

ट्रेंडिंग वीडियो