यह भारतीय अमरीका की दूसरी सबसे बड़ी अदालत में करेंगे न्याय

भारतीय मूल के अमरीकी जज श्री श्रीनिवासन ने हाल ही अमरीका के दूसरे सबसे शक्तिशाली न्यायालय में जज की शपथ ग्रहण की।

By: Mohmad Imran

Published: 22 Feb 2020, 10:34 PM IST

अमरीका की प्रतिष्ठित अदालत 'यूएस कोट्र्स ऑफ अपील, कोलंबिया सर्किट' के जज के रूप में श्रीनिवासन नियुक्ति पाने वाले शीर्ष अमरीकी अदालत के पहले भारतीय न्यायाधीश भी हैं। मूल रूप से चंडीगढ़ में जन्मे 52 वर्षीय श्रीनिवासन के माता-पिता 1970 के दशक में अमरीका आकर बस गए थे। उन्होंने जस्टिस सैंड्रा डे ओ'कॉनर की मौजूदगी में कोलंबिया सर्किट के कोर्ट ऑफ अपीलेटिंग कोर्ट रूम में शपथ ली। इस दौरान उनकी मां, दोस्त और अन्य पारिवारिक सदस्य साथ थे। गौरतलब है कि पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की पत्नी गुरशरण कौर भी शपथ कार्यक्रम के दौरान उपस्थित थीं। श्रीनिवासन ने अपनी मां सरोजा श्रीनिवासन के साथ गीता पर पद की शपथ ली।

यह भारतीय अमरीका की दूसरी सबसे बड़ी अदालत में करेंगे न्याय

इस वर्ष मई में श्रीनिवासन को अमरीकी सीनेट ने 97-0 से भारी मतों से उन्हें जज बनाए जाने का प्रस्ताव पारित किया था। श्रीनिवासन अमरीकी इतिहास में सर्किट कोर्ट के न्यायाधीश के रूप में सेवा करने वाले पहले दक्षिण एशियाई भी हैं। श्रीनिवासन को पहली बार जून, 2012 में ओबामा द्वारा नामित किया गया था। उनकी नियुक्ति अमरीका में अप्रवासी भारतीयों की कानूनी समझ और उसमें अमरीकी सीनेट का भरोसा साफ झलकता है। इससे पहले श्रीनिवासन अमरीका के पहले प्रिंसिपल डिप्टी सॉलिसिटर जनरल थे।

यह भारतीय अमरीका की दूसरी सबसे बड़ी अदालत में करेंगे न्याय

श्रीनिवासन के बारे में कुछ खास बातें
-उनका पूरा नाम श्रीकांत 'श्री' श्रीनिवासन है।
-द साउथ एशियन बार एसोसिएशन उन्हें 'ट्रेलब्लेजर' (tRAILBLAZER) कहकर संबोधित करती है।
-12 फरवरी को उन्हें डीसी सर्किट कोर्ट ऑफ अपील्स का चीफ जज बनाया है।
-16 जजों की बैंच में सबसे वरिष्ठ जज हैं, सभी 65 साल से कम उम्र के हैं।
- 05वे कर्मचारी हैं उनके भाई श्रीनिजा श्रीनिवासन याहू के शुरुआती दौर के ।

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Mohmad Imran
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