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अब होगी प्रत्येक ग्राम पंचायत पर होगी रैकिंग
स्वच्छता प्रबंधन योजना पर जिला स्तरीय कार्यशाला
श्रीगंगानगर.
ग्रामीण क्षेत्र में स्वच्छता बनाए रखने के लिए अब नियमित देखभाल की जरूरत है। ऐसा नहीं करने या अनदेखी करने पर ओडीएफ फेल माना जाएगा। अब तक जिले की अधिकांश ग्राम पंचायतें ओडीएफ हो चुकी हैं लेकिन इसे निरन्तर बनाए रखने के लिए राज्य सरकार अब स्वच्छता सर्वेक्षण करवा रही है। यह रैकिंग एप और ऑनलाइन भी कराई जा रही है। जहां पहले ओडीएफ को खानापूर्ति से किया गया है, अब उसकी हकीकत मापी जा सकेगी।
शनिवार को जिला परिषद की ओर से परिषद सभागार में स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण में ओडीएफ निरन्तरता, स्वच्छ सर्वेक्षण ग्रामीण 2018 एवं महावारी स्वच्छता प्रबंधन योजना के संबंध में जिला स्तरीय कार्यशाला में जिला कलक्टर ज्ञानाराम ने कहा कि लोगों को इस गंदे पानी के निस्तारण के लिए जागरूक करना होगा। ग्रामीण स्तर पर स्वच्छता बनी रहे, ऐसा जमीनी स्तर पर काम करके दिखाना होगा।
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इस मौके पर एसडीएम आईएएस सौरभ स्वामी ने कहा कि स्वच्छता सखी के माध्यम से प्रत्येक गांव में महिलाओं की अगुवाई में साफ-सफाई के लिए व्यापक स्तर पर अभियान चलाने की जरूरत है। स्वच्छ भारत मिशन के जिला समन्वयक हरविन्द्र सिंह ढिल्लो का कहना था कि प्रत्येक पंचायत समिति क्षेत्र के ग्रामीण इलाकों में स्वच्छता की सोशल ऑडिट की जा रही है।
इसके लिए कचरा प्रबंधन के लिए भी संबंधित विकास अधिकारी और सरपंच अपने स्तर पर जमीनी स्तर पर काम करके दिखाएं ताकि पूरे प्रदेश में हमारे जिले का नाम रोशन हो सके। इस मौके पर सीएमएचओ डॉ. नरेश बंसल और महिला एवं बाल विकास विभाग की उपनिदेशक रीशिबाला श्रीमाली ने भी स्वच्छता के संबंध में अपने विचार व्यक्त किए।
Published on:
05 Aug 2018 06:20 pm
