Corona News: दानह में जनता कफ्र्यू पूर्ण सफल

शाम 5 बजे लोगों ने घरों पर ताली-थाली बजाकर किया राष्ट्रसेवकों का अभिवादन
कोरोना वायरस को मात देने के लिए लोग पूरे दिन परिवार के साथ घर पर ही रहे


At 5 pm, people greeted the national servants by clapping their houses
People stayed at home with the family all day to beat the corona virus

Sunil Mishra

22 Mar 2020, 11:23 PM IST

सिलवासा. कोरोना वायरस को हराने के लिए लोगों ने रविवार को नया इतिहास रच डाला। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के जनता कफ्र्यू का स्वागत करते हुए लोग पूरे दिन घरों पर ही रहे। जनता कफ्र्यू में उद्योगकर्मी, व्यापारी, कारोबारी, दैनिक वेतन भोगी, मजदूर व आम लोग एक साथ नजर आए। शाम पांच बजे घरों के दरवाजे, व खिडकियों पर ताली, बर्तन, घंटी, मजीरा बजाकर उन्होंने राष्ट्रसेवकों का आभार जताया। लोगों ने स्वेच्छा से परिवारजनों के साथ दिन बिताया।
दादरा नगर हवेली के इतिहास में लोगों द्वारा बड़े स्तर पर स्वेच्छा से बाजार, दुकानें, कारोबार, नौकरी-धंधा छोड़कर 14 घंटे घर में रहने का यह पहला अवसर है। कोरोना वायरस को मात देने के लिए लोग पूरे दिन अपने परिवार के साथ घर पर ही रहे। इस महायज्ञ में हर व्यक्ति ने अपनी जिम्मेदारी समझी। लोग घरों में रहने से बाजार, सड़क, पार्क व सार्वजनिक क्षेत्रों पर पूरे दिन कफ्र्यू जैसा माहौल रहा। लोगों का घरों में परिवार के सदस्यों के साथ आपस में बातचीत, साफ-सफाई, हंसी-मजाक और खानपान में सारा समय गुजरा। लोग घरों के दरवाजे से बाहर तक नहीं निकले।

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छाया रहा सन्नाटा

सोसायटियों के परिसर, खेल-मैदान, गार्डन में भी दिनभर सन्नाटा छाया रहा। शहर के बीचोंबीच स्थित झंडा चौक, किलवणी नाका, बस स्टैंड, टोकरखाड़ा के बाजारों में सन्नाटा छाया रहा। गणगौर उत्सव में महिलाओं ने रविवार को समूह की बजाय अपने-अपने घरों में ही पूजा की। क्षेत्र के दादरा, नरोली, अथाल, मसाट, किलवणी, रांधा, रखोली, सायली, मधुबन, दपाड़ा, खडोली, खानवेल की सड़कें वीरान नजर आई। गांवों में आदिवासी अपने-अपने घरों में ही रहे। दिहाड़ी व मनरेगा कर्मियों ने अवकाश लेकर घर मेंं रहकर दिन बिताया। सड़कों पर वाहन नदारद रहे। इस दौरान पुलिस पेट्रोलिंग की गाडिय़ां दौड़ती रही। जनता कफ्र्यू में अस्पताल, नर्सिंग होम, प्राइवेट क्लीनिक के इमरजेंसी को शामिल नहीं किया। बिजली, पेयजल, दूध व अन्य जरूरत की चीजों के लिए लोगों की शिकायतें नहीं मिली।

स्कूलों की परीक्षाएं अब अप्रेल में
सिलवासा. कोरोना वायरस से स्कूल, कॉलेज सहित सभी शिक्षण संस्थाएं 31 मार्च तक बंद हैं। स्कूलों की वार्षिक परीक्षाएं अब 31 मार्च के बाद आयोजित की जाएंगी। प्राथमिक शिक्षा अधिकारी जयेश भंडारी ने बताया कि असामयिक परीक्षाओं के कारण स्कूलों में नए प्रवेश व नया सत्र ग्रीष्मावकाश के बाद शुरू हो सकते हैं। अक्सर स्कूलोंं में मार्च में परीक्षा के बाद अप्रेल से नए सत्र का अध्ययन आरम्भ हो जाता है। परीक्षा में देरी से ग्रीष्मावकाश प्रभावित हो सकता है। कोरोना के कहर को देखते हुए परीक्षाओंं की तारीख बाद मेेंं घोषित की जाएगी। पिछले सत्र में लोकसभा चुनावों के कारण भी स्कूलों का ग्रीष्मावकाश बढ़ाया गया था।

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Sunil Mishra Desk
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