पूछताछ के लिए गए पिता-पुत्र की पुलिस कस्टडी में हुई मौत से भड़के एक्टर्स, बताया भारत का George Fyold

By: Sunita Adhikari
| Published: 27 Jun 2020, 10:12 AM IST
पूछताछ के लिए गए पिता-पुत्र की पुलिस कस्टडी में हुई मौत से भड़के एक्टर्स, बताया भारत का George Fyold
Jeyaraj and Fenix Death

  • पी जयराज नाम के शख़्स और उनके बेटे फेनिक्स (Jeyaraj and Fenix Death) की पुलिस कस्टडी में हुई मौत ने सभी को हिलाकर रख दिया है। दोनों को लॉकडाउन का उल्लंघन करने के मामले में पूछताछ के लिए बुलाया गया था।

नई दिल्ली: Tuticorin Custodial Death: तमिलनाडु में पुलिस कस्टडी में पिता-पुत्र की मौत से बवाल मचा हुआ है। तमिल इंडस्ट्री से लेकर बाकी एक्टर्स भी काफी गुस्से में हैं और न्याय की मांग कर रहे हैं। पी जयराज नाम के शख़्स और उनके बेटे फेनिक्स (Jeyaraj and Fenix Death) की पुलिस कस्टडी में हुई मौत ने सभी को हिलाकर रख दिया है। दोनों को लॉकडाउन का उल्लंघन करने के मामले में पूछताछ के लिए बुलाया गया था।

ये घटना सतनकुलम (Sathankulam) थाने की है। हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, पिता और पुत्र को पुलिस ने कथित तौर पर बेरहमी के पीटा था। दोनों पर लॉकडाउन (Lockdown) के दौरान अपनी मोबाइल की दुकान खुली रखने का आरोप था। खबरों के मुताबिक, फेनिक्स की मौत कोविलपट्टी अस्पताल में 22 जून को हुई थी, जबकि पिता की मौत 23 जून को हुई। इस घटना के सामने आते ही तमिल इंडस्ट्री के एक्टर्स ने सोशल मीडिया पर अपना गुस्सा जाहिर किया है और साथ ही न्याय की मांग की है।

एक्ट्रेस तापसी पन्नू (Taapsee Pannu Tweet) ने ट्वीट करते हुए लिखा, यह कई में से सिर्फ एक मामला हो सकता है लेकिन स्नोबॉल प्रभाव शुरू करने के लिए केवल एक ही मामला काफी होता है। #JusticeforJayarajAndFenix यह कोई भी व्यक्ति हो सकता है जिसे हम जानते हैं। विवरण काफी डरावने हैं।

एक्ट्रेस हंसिका मोटवानी (Hansika Motwani) ने न्याय की मांग करते हुए ट्वीट लिखा, 'जयराज और फेनिक्स के साथ हुई बर्बरता के बाद डरी हुई हूं। कानून सभी के लिए एक समान है और इन्हें न्याय मिलना चाहिए।'

वहीं, एक्ट्रेस से नेता बनीं खुश्बू सुंदर ने लिखा- जय राज और फेनिक्स के मामले में क्या हम दोषियों को सज़ा मिलते हुए देख सकेंगे। दोषी किसी भी हाल में बचने नहीं चाहिए। एक परिवार ने अपने प्यारों को खोया है। न्याय में विलम्ब का मतलब न्याय से इनकार होता है।

जयम रवि ने लिखा- कानून से ऊपर कोई नहीं है। इस अमानवीय कृत्य के लिए न्याय मिलना चाहिए। कार्तिक सुब्बाराज ने लिखा- सनतकुलम में जो हुआ वो भायनक है। मानवता का अपमान है। आरोपी अफ़सरों को दंड मिलना चाहिए और मृतकों को न्याय मिलना चाहिए। कुछ इंसान वायरस से अधिक ख़तरनाक होते हैं।