महामारी ने भर दिए सरकारी अस्पताल के पलंग

-अब प्रशासन मार रहा हाथ-पैर
- एम्स (जीबीएच बेड़वास )का होगा अधिग्रहण

- सरकारी स्तर पर रेफर होकर जाने वालों के लिए नहीं लगेगी राशि

By: bhuvanesh pandya

Published: 16 Apr 2021, 11:56 AM IST

भुवनेश पंड्या

उदयपुर. कोरोना ने अब पूरा असर दिखाना फिर से शुरू कर दिया है। उदयपुर में इएसआईसी, सेटेलाइट हिरणमगरी, एमबी के सभी वार्ड भर चुके हैंं। ऐसे में अब जिला प्रशासन ने निर्णय लिया है कि एम्स (जीबीएच बेड़वास ) का सरकारी अधिग्रहण किया जाएगा ताकि वहां जरूरत पर मरीजों को भर्ती किया जा सके। ये मरीज सरकारी स्तर पर जांच करवा वहां भेजे जाते हैं तो उनके उपचार का खर्च नहीं होगा। जिला कलक्टर चेतन देवड़ा ने इसे लेकर पांच सदस्यीय चिकित्सकों की टीम बनाई है, जो पलंग उपलब्धता को देखते हुए हॉस्पिटल का निरीक्षण कर इसकी विस्तृत जांच रिपोर्ट तैयार करेगी।

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ये डॉक्टर देंगे रिपोर्ट

- डॉ. आरएल सुमन- अधीक्षक एमबी हॉस्पिटल
- डॉ. राहुल जैन- अधीक्षक, सेटेलाइट हॉस्पिटल अम्बामाता

- डॉ. आरएल मीणा- प्रोफेसर मेडिसिन, आरएनटी
- डॉ. अंशुल म_ा- जिला क्षय अधिकारी

- डॉ. महेन्द्र खत्री- एम्स, बेड़वास
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ये है इएसआईसी, एमबी व सेटेलाइट के हाल, हर हॉस्पिटल फुल
- सरकारी स्तर पर जो नि:शुल्क उपचार के लिए फिलहाल तैयार किए है, सभी पलंग भर चुके हैं। अब इसे बढ़ाने की तैयारी चल रही है, इसमें मनोरोग विभाग के ऊपरी हिस्से और ऑर्थोपेडिक वार्ड में भी पलंग की तैयारी की जा रही है।

- इएसआइसी- 230 पलंग फुल
- सेटेलाइट- 70 पलंग फुल

- आरएनटी स्वाइन फ्लू वार्ड- 26 पलंग फुल
- न्यूरो सर्जरी एमबी वार्ड- 30

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इस भवन में रखे जा सकते हैंं करीब 100 पलंग, फिर क्यों नहीं कर रहे अधिग्रहित

अम्बामाता जिला चिकित्सालय के सामने बना एक भवन है, जो फिलहाल सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के पास है। ये भवन अर्से से बंद पड़ा है। इसे लेकर पहले कई बार जिला प्रशासन के साथ पत्र व्यवहार हो चुका है, लेकिन इस पर अभी तक कोई निर्णय नहीं हो पाया है। इसे लेकर अम्बामाता जिला चिकित्सालय के अधीक्षक डॉ. राहुल जैन ने 29 अक्टूबर, 2020 को आरएनटी मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. लाखन पोसवाल को पत्र लिखकर इसे अधिग्रहित करवाने का आग्रह किया था। इस पर प्राचार्य ने 2 नवम्बर, 20 को जिला कलक्टर को पत्र लिखकर इस भवन के आवंटन की अनुमति मांगी थी। मामले में वार्ड नम्बर छह के पार्षद शंकर चंदेल ने भी जिला कलक्टर को 12 जनवरी, 2021 को पत्र लिखकर इसकी मांग की थी। तत्कालीन एडीएम सिटी संजयकुमार ने 13 नवम्बर, 20 को सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के उपनिदेशक मान्धातासिंह राणावत को पत्र लिखा था। इस पर राणावत ने एडीएम के पत्र के जवाब में स्पष्ट किया था, वहां भूमि के अभाव में फिलहाल संभाग स्तरीय पालनहार आवासीय छात्रावास शुरू कर दिया गया है।

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