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मतदान प्रतिशत बढ़ाने की जिम्मेदारी संस्थाओं की

- कोई मतदाता न छूटे- आमजन की जागरुकता के लिए बनेंगे मतदाता जागरुकता फोरम
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udaipur

मतदान प्रतिशत बढ़ाने की जिम्मेदारी संस्थाओं की

धीरेंद्र् जोशी/उदयपुर. आने वाले लोक सभा चुनाव में मतदान प्रतिशत बढ़ाने की जिम्मेदारी निजी और सरकारी संस्थाओं की रहेगी। चुनाव आयोग के निर्देश पर बुधवार को हुई बैठक में शहर के प्रमुख संस्थानों के प्रतिनिधियों को इसके लिए प्रेरित किया गया।
बैठक उप जिला निर्वाचन अधिकारी एवं अतिरिक्त जिला कलक्टर (प्रशासन) चांदमल वर्मा की अध्यक्षता में हुई। इसमें विभिन्न कॉर्पोरेट, सरकारी व गैर सरकारी संगठनों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। वर्मा ने कहा कि 'इस बार कोई मतदाता मतदान से न छूटेÓ इस थीम को लेकर सभी को समन्वित प्रयास करने होंगे। उन्होंने मौजूद प्रतिनिधियों से कहा कि विभिन्न संस्थाओं, संगठनों एवं कार्यालयों में मतदाताओं को मतदान के लिए प्रेरित करने के साथ ही मतदाता सूची में पंजीकरण एवं मतदान की वास्तविक गतिविधियों द्वारा निर्वाचन प्रक्रिया से संबंधित सभी मूलभूत प्रक्रियाओं, विचारों एवं जागरूक चर्चाओं को साझा करने के लिए 'मतदाता जागरूकता फोरमÓ (वीएएफ) बनाया जाए। चूंकि भारत निर्वाचन आयोग का लक्ष्य इस फोरम के माध्यम से मतदाता जागरूकता व शिक्षा को बढ़ावा देना है।

एेसे काम करेगा फोरम
'मतदाता जागरूकता फोरमÓ में संगठन एवं कार्यालय के प्रमुख की अध्यक्षता में एक टीम बनाकर निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशानुसार एवं जिला निर्वाचन अधिकारी से समन्वय स्थापित करते हुए विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से मतदाताओं को जागरूक करने संबंधी कार्य करेगी। वीएएफ के कैलेण्डर में पंजीकरण एवं नाम जांच, मतदाता शपथ, मतपत्र तैयार करना, प्रश्नोत्तरी, फ्लोर गेम आदि गतिविधियां शामिल की गई है। संस्थानों द्वारा अपने यहां कार्यरत कर्मचारियों, विद्यार्थियों आदि में मतदान के प्रति जागरूकता फैलाने के साथ ही उन्हें मतदान की पूरी प्रक्रिया से भी अवगत कराना होगा।