
नई दिल्ली।
ऐसा तीसरी बार हुआ, जब पेंगुइन अंटार्कटिका को छोड़कर बर्फीले पानी में करीब तीन हजार किलोमीटर तैरते हुए न्यूजीलैंड तक पहुंच गई। वैज्ञानिक यह नहीं समझ पा रहे कि यह घटना संयोगवश हो रही है या फिर दुर्घटनावश।
इस पेंग्विन को न्यूजीलैंड के दक्षिणी पूर्वी तट पर पाया गया है। अब तक के इतिहास में ऐसा तीसरी बार हुआ है जब पेंगुइन अपने घर अंटार्कटिका से तैरकर न्यूजीलैंड पहुंची है। स्थानीय लोग इन पेंगुइन को 'पिंगू' बुलाते हैं।
न्यूजीलैंड के साउथ आइलैंड में एक छोटी सी बस्ती है जिसे बर्डलिंग फ्लैट के नाम से जाना जाता है। यहीं पर इस एडलिए पेंगुइन को पाया गया है। इस पेंगुइन के आने से जहां वैज्ञानिक हैरत में हैं। वहीं, उन्हें एक चिंता भी खाए जा रही है। उनका कहना है कि समुद्र का पानी गरम हो रहा है, जिससे पेंगुइन को अब खाने के संकट से जूझना पड़ रहा है। यही नहीं, उनके रहने के स्थान में भी बदलाव आ रहा है।
स्थानीय निवासी हैरी सिंह को यह पेंगुइन समुद्री तट पर मिली थी। हैरी सिंह तट पर घूमने निकले थे और उन्हें यह दिखी। पहली नजर में उन्हें यह कोई खिलौना लगा लेकिन बाद में अहसास हुआ कि यह पेंगुइन है जो लंबे सफर के बाद यहां पर पहुंची है। इससे पहले दिसंबर 1962 और जनवरी 1993 में पेंगुइन अंटार्कटिका से न्यूजीलैंड पहुंची थी।
हैरी सिंह ने तत्काल इस पेंगुइन की तस्वीरों को सोशल मीडिया पर शेयर कर दिया और बताया कि पेंगुइन पानी में वापस नहीं जा रही है। हैरी सिंह ने फेसबुक पोस्ट में लिखा कि मैं और मेरी पत्नी करीब 4 घंटे तक समुद्री तट पर रहे, जिससे पेंगुइन की निगरानी की जा सके। उन्होंने बताया कि यह पेंगुइन 'लगातार पत्थर खा रही थी।' हैरी सिंह ने बताया कि हम नहीं चाहते थे कि यह पेंगुइन किसी कुत्ते या अन्य जीव का शिकार बन जाए।
इसके बाद हैरी सिंह ने विशेष प्रशिक्षण हासिल करने वाले बचावकर्मियों की तलाश की और फिर उन्हें टॉमस स्टार्क मिले। वह पेंगुइन की लंबे समय से देखरेख करते रहे हैं। बाद में स्टार्क पेंगुइन को अपने साथ ले गए और उसके खून की जांच कर रहे हैं। स्टार्क ने बताया कि उन्हें कभी उम्मीद नहीं थी कि यह पेंगुइन एडलिए हो सकती है। हैरी सिंह ने जब उन्हें फोन किया तो उनके हैरत का ठिकाना नहीं रहा। उन्होंने बताया कि यह पेंगुइन एक या दो साल की है।
Published on:
12 Nov 2021, 9:04 PM IST
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