
अलवर में जेल का चौराहा के समीप दशहरा मैदान में दशहरा समारोह की तैयारियां तेज हो गई हैं। पुरुषार्थी समिति जिला अलवर की ओर से 20 अक्टूबर को होने वाले आयोजन के लिए आगरा से आए कारीगर रावण, कुंभकरण और मेघनाद के पुतले तैयार कर रहे हैं। रावण के पांच फीट लंबे जूते भी बनाए जा रहे हैं। इस बार रिमोट का बटन दबाते ही रावण का पुतला जलेगा। पुतले को इस तरह तैयार किया जा रहा है कि वह हंसता और हाथ हिलाता नजर आएगा। उसकी तलवार पर लाइटिंग भी की जाएगी।
इस बार 65 फीट ऊंचा रावण, 60 फीट ऊंचा कुंभकरण और 55 फीट ऊंचा मेघनाद बनाया जा रहा है। पुतले बनाने के लिए आगरा से कारीगर बुलाए गए हैं। ये कारीगर इससे पहले श्रीलंका में भी पुतले बना चुके हैं। समिति के अनुसार, श्रीलंका में रावण की पूजा की जाती है और वहां पुतला दहन नहीं होता है।
दशहरा समारोह की शुरुआत 18 अक्टूबर को दशहरा मैदान में रामचरितमानस के पाठ के साथ होगी। 19 अक्टूबर को पाठ का समापन होगा और हवन किया जाएगा। मुख्य संयोजक लीलाधर कथूरिया ने बताया कि दशहरा से पहले समाज के लोग अयोध्या जाकर वहां से रज लाएंगे। इस रज का पूजन किया जाएगा।
इस बार भगवान राम की शोभायात्रा में अशोक वाटिका की झांकी विशेष रूप से तैयार की जाएगी। इसके साथ 15 अन्य झांकियां भी शामिल होंगी। दशहरा के दिन दोपहर 12 बजे पुरुषार्थी धर्मशाला के सामने मधुसूदन वेद विद्यालय के विद्यार्थी विजय यज्ञ करेंगे। इसके बाद भगवान राम की शोभायात्रा झांकियों के साथ रवाना होगी। यह शहर के विभिन्न मार्गों से होते हुए दशहरा मैदान पहुंचेगी।
शोभायात्रा के साथ दो ड्रोन चलेंगे। गाजियाबाद के कारीगरों की ओर से आतिशबाजी भी की जाएगी, जो शोभायात्रा के साथ शुरू होकर दशहरा मैदान तक चलेगी।
पुरुषार्थी समिति के संरक्षक राकेश अरोड़ा ने बताया कि दशहरा महोत्सव में केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। वन राज्यमंत्री संजय शर्मा, रामगढ़ विधायक सुखवंत सिंह और अलवर नगर निगम की महापौर सुमनलता अग्रवाल विशिष्ट अतिथि होंगे। रामगढ़ के पूर्व विधायक ज्ञानदेव आहूजा भी कार्यक्रम में शामिल होंगे। प्रेसवार्ता में समिति के पदाधिकारी और समाज के अनेक लोग मौजूद रहे।