
UP Weather Alert: उत्तर प्रदेश में एक बार फिर बारिश का दौर तेज होने वाला है। मौसम विभाग ने 25 और 26 अगस्त को प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। पूर्वी यूपी में 25 और 26 अगस्त, जबकि पश्चिमी यूपी में 25 अगस्त को तेज बारिश की संभावना है। सोमवार को भी कई जिलों में झमाझम बारिश हुई। इससे गर्मी और उमस से राहत मिली है। मंगलवार को भी पूर्वी यूपी के अधिकांश जिलों में घने बादल छाए रहे। लगातार हो रही बारिश से तापमान में तीन से चार डिग्री की गिरावट आई है।
उत्तर प्रदेश में पिछले कुछ दिनों से मौसम बदला हुआ है। कई जिलों में रुक-रुककर बारिश हो रही है। अब मौसम विभाग ने 25 और 26 अगस्त को भी बारिश को लेकर अलर्ट जारी किया है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में दोनों दिन बारिश की संभावना जताई गई है। वहीं पश्चिमी यूपी में 25 अगस्त को बारिश का असर ज्यादा रह सकता है।
मौसम विभाग के अनुसार, इस दौरान कई इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। कुछ जगहों पर तेज बारिश भी होने की संभावना है। बारिश के साथ बिजली चमकने और बादल गरजने की स्थिति बन सकती है। ऐसे में लोगों को खराब मौसम के दौरान सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। सोमवार को गोंडा, बहराइच, बलरामपुर, श्रावस्ती, लखनऊ, कानपुर, वाराणसी, प्रयागराज, उन्नाव, झांसी और हरदोई समेत कई जिलों में बारिश हुई। कुछ इलाकों में अच्छी बारिश के कारण सड़कों पर पानी भर गया। इससे लोगों को आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ा।
बारिश के कारण तापमान में कुछ कमी आई और लोगों को उमस से राहत मिली। हालांकि बारिश रुकने के बाद कई जगह फिर से नमी और उमस बढ़ गई।
मौसम विभाग ने 26 अगस्त तक प्रदेश में तेज बारिश का अनुमान जताया है। बंगाल की खाड़ी में बने कम दबाव वाले क्षेत्र का असर अभी मौसम पर बना हुआ है। फिलहाल किसी नए बड़े मौसमी सिस्टम के बनने की जानकारी नहीं है, लेकिन मानसून की सक्रियता के कारण बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार कम दबाव का क्षेत्र आगे बढ़कर पश्चिमी दिशा की ओर गया है। इसके कारण पूर्वी यूपी के साथ पश्चिमी और मध्य हिस्सों में भी बारिश देखने को मिल रही है।
मौसम विभाग के अनुसार यदि आने वाले दिनों में कोई नया मजबूत मौसमी सिस्टम नहीं बनता है। तो मानसून उत्तर-पश्चिम भारत से सामान्य समय से कुछ दिन पहले लौटना शुरू कर सकता है। आमतौर पर उत्तर-पश्चिम भारत से मानसून की वापसी करीब 17 सितंबर के आसपास शुरू होती है। इसके बाद अक्टूबर के मध्य तक मानसून पूरे देश से विदा हो जाता है।