
Dinesh Pratap Singh Akhilesh Yadav:उत्तर प्रदेश में विधान परिषद की 11 सीटों के लिए वोटिंग खत्म हो गई है। इसमें पांच स्नातक और छह शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र की सीटें शामिल है। वोटिंग के दौरान कई जिलों से समाजवादी पार्टी और भारतीय जनता पार्टी कार्यकर्ताओं के भिड़ने और बवाल की घटनाएं सामने आईं। सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने आरोप लगाए कि चुनाव के दौरान धांधली और हेराफेरा हुई है। सपा के आरोपों पर अब बीजेपी की प्रतिक्रिया आई सामने आई है।
सपा प्रमुख अखिलेश यादव के आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए भाजपा प्रवक्ता दिनेश प्रताप सिंह ने कहा कि अखिलेश यादव, जब मतदाता सूची तैयार की जा रही थी, तब आप और आपके बीएलओ कहां थे? क्या आप साढ़े चार साल तक 'कुंभकर्ण' की तरह गहरी नींद में सोते रहेंगे और केवल चुनाव के समय ही जागेंगे?
लखनऊ में मीडिया से बात करते हुए बीजेपी प्रवक्ता ने कहा कि क्या आपको लगता है कि आप जाति और धर्म के आधार पर लोगों को बांटकर जीत हासिल कर सकते हैं? उत्तर प्रदेश की जनता बहुत जागरूक है। एमएलसी (MLC) चुनाव पढ़े-लिखे लोगों- स्नातकों, शिक्षकों और प्रबुद्ध वर्ग के लिए होते हैं। अखिलेश यादव, आप अपनी हार का ठीकरा दूसरों पर नहीं फोड़ सकते। समाजवादी पार्टी, जिसे 2017 से लगातार हार का सामना करना पड़ रहा है, उसे इस चुनाव में भी हार ही मिलेगी।
आपको बता दें कि इटावा में अखिलेश ने मीडिया से कहा था कि बीजेपी को वोट चुराने की कला सिखाने के लिए एक विश्वविद्यालय खोलना चाहिए और अपने कार्यकर्ताओं के लिए कम से कम तीन साल का कोर्स चलाना चाहिए। क्योंकि इसे सीखने और समझने में उन्हें कम से कम तीन साल तो लगेंगे ही। हालांकि, चोरी करके लोकतंत्र को मजबूत नहीं किया जा सकता। भाजपा को अपना तरीका सुधारना होगा, तभी लोकतंत्र मजबूत होगा। समाजवादी पार्टी और उसके कार्यकर्ता लोकतंत्र को मजबूत करने के लिए लगातार काम करते रहेंगे।
अखिलेश यादव ने कहा कि सरकार और चुनाव आयोग लगातार दावा करते हैं कि चुनाव निष्पक्ष तरीके से हो रहे हैं, लेकिन कई इलाकों में मतदान के रुझानों ने भाजपा को निराश और हताश कर दिया है। आगरा, फतेहपुर और मुख्यमंत्री के गृह जिले गोरखपुर सहित कई जिलों से ऐसी खबरें आ रही हैं। जौनपुर से भी ऐसी खबरें हैं कि भाजपा के गुंडे समाजवादी पार्टी के मतदाताओं को परेशान कर रहे हैं।