
Bihar MLA Raju Kumar Singh Jail: दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने बिहार के विधायक राजू कुमार सिंह को 4 साल की जेल की सजा सुनाई है। यह मामला 31 दिसंबर 2018 को नए साल की पार्टी के दौरान हुई हर्ष फायरिंग का है। जिसमें गोली लगने से डॉक्टर अर्चना गुप्ता की मौत हो गई थी। अदालत ने विधायक को गैर-इरादतन हत्या का दोषी ठहराया है और साथ ही मृतका के पति को 25 लाख रुपये का मुआवजा देने का भी आदेश दिया है।
31 दिसंबर 2018 की रात दिल्ली के फतेहपुर बेरी इलाके में विधायक के फार्म हाउस पर नये साल मनाने की धूम थी। लोग जश्न मना रहे थे। इसी बीच हवा में गोली चलाई गई, जो सीधे डॉक्टर अर्चना गुप्ता के सिर में लग गई। कुछ दिन बाद अस्पताल में उनकी मौत हो गई।
पार्टी में मौजूद लोग बताते हैं कि जश्न का माहौल था। नये साल का स्वागत करने के लिए हर्ष फायरिंग हो रही थी। राजू कुमार सिंह ने अपनी लाइसेंस वाली पिस्तौल से हवा में फायरिंग की। लेकिन एक गोली अनियंत्रित होकर भीड़ में जा लगी। डॉक्टर अर्चना गुप्ता उस वक्त वहां मौजूद थीं।
गोली लगने के बाद उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उनकी हालत गंभीर थी। 3 जनवरी 2019 को उन्होंने दम तोड़ दिया। इस घटना ने पूरे देश में हंगामा मचा दिया था।
कोर्ट ने राजू कुमार सिंह को गैर-इरादतन हत्या यानी आईपीसी की धारा 304 भाग-2 के तहत दोषी ठहराया। साथ ही आर्म्स एक्ट का भी उल्लंघन माना गया। जज ने साफ कहा कि लाइसेंस की शर्तों का पालन नहीं किया गया।
हवा में फायरिंग के लिए इस्तेमाल होने वाली .22 बोर की पिस्तौल नियमों के खिलाफ थी। अदालत ने विधायक को 4 साल की कैद की सजा दी है।
इसके अलावा मृतका के पति को 25 लाख रुपये का मुआवजा देना होगा। फैसले के बाद कोर्ट में माहौल गंभीर था। राजू सिंह के समर्थक निराश नजर आए।
राजू कुमार सिंह बिहार राजनीति के जाने-पहचाने चेहरे हैं। पहले जद(यू) से जुड़े रहे, बाद में भाजपा में शामिल हुए। साहेबगंज सीट से विधायक चुने गए। लेकिन उनके खिलाफ पहले भी कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। इस घटना ने उनकी छवि पर गहरा असर डाला।