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बॉम्बे हाईकोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी, मौके पर पहुंची मुंबई पुलिस और बम निरोधक दस्ते

बॉम्बे हाईकोर्ट को ईमेल के जरिए मिली बम से उड़ाने की धमकी। मौके पर पहुंची मुंबई पुलिस और बम स्क्वायड
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Sep 19, 2025
Bombay High Court Mumbai
इस्लाम धर्म अपनाने के बाद SC/ST एक्ट लागू नहीं- बॉम्बे हाई कोर्ट (Photo: IANS)

मुंबई स्थित बॉम्बे हाईकोर्ट को एक बार फिर बम से उड़ाने की धमकी मिली है। उच्चा न्यायालय को ईमेल के जरिए यह धमकी मिली, जिसके बाद न्यायालय परिसर में अफरा तफरी मच गई। घटना की सूचना तुंरत मुंबई पुलिस और बम स्क्वायड को दी गई। जानकारी मिलते ही बचाव दल तुरंत मौके पर पहुंचा और न्यायालय परिसर की पूरी तरह से तलाशी ली गई। हालांकि मुंबई पुलिस के अनुसार, जांच के दौरान रेस्क्यू टीमों को कोई संदिग्ध वस्तु अभी तक नहीं मिली है। फिलहाल टीमें और अधिक गहराई से न्यायालय परिसर की तलाशी ले रही है।

पिछले शुक्रवार भी मिली थी ऐसी ही धमकी

बता दे कि पिछले शुक्रवार ही बॉम्बे हाइकोर्ट को ऐसा ही एक धमकी भरा ईमेल आया था, जिसके बाद न्यायालय परिसर में हड़कंप मच गया था। यह ईमेल दिल्ली हाईकोर्ट को मिले धमकी भरे ईमेल के कुछ ही समय बाद आया था। पिछले हफ्ते दिल्ली और बॉम्बे दोनों ही हाईकोर्ट को धमकी भरे ईमेल भेजे गए थे, हालांकि जांच के दौरान दोनों ही न्यायालयों में कोईसंदिग्ध वस्तु बरामद नहीं हुई थी।

दिल्ली हाई कोर्ट के जज चेंबर को उड़ाने का दावा

पिछले शुक्रवार दोपहर के समय दिल्ली हाई कोर्ट को कानिमोझी थेविदिया नाम से एक ईमेल मिला था। इसमें दावा किया गया था कि दिल्ली हाई कोर्ट के जज का चेंबर जल्द ही उड़ा दिया जाएगा। साथ ही इस ईमेल में यह भी कहा गया था कि दिल्ली हाई कोर्ट के बाद आज ही पटना में 1998 के कोयंबटूर धमाकों जैसे भयंकर धमाके किए जाएंगे। बम धमाकों के साथ साथ इस ईमेल में उदयनिधि स्टालिन के बेटे इनबानिथी पर तेजाब फेंकने की धमकी भी दी गई थी।

ईमेल में भाजपा और आरएसएस का जिक्र

दिल्ली हाईकोर्ट को पिछले शुक्रवार मिले ईमेल में लिखा था, देखिए, सीधी सी बात है कि धर्मनिरपेक्ष दल बीजेपी/आरएसएस से लड़ने के लिए परिवारवाद की राजनीति और भ्रष्टाचार पर निर्भर रहते हैं। जब इन दलों के वारिसों (राहुल गांधी, उदयनिधि) को सत्ता से दूर रखा जाता है, तो उनकी आरएसएस के खिलाफ लड़ने में रुचि खत्म हो जाती है। इसमें आगे कहा गया था, कुछ लोगों को 'धर्मनिरपेक्ष नेता की एक नई क्रांति' बनाने के लिए 'खत्म' कर दिया जाएगा। हम प्रस्ताव करते हैं कि डीएमके को डॉ. एझिलन नागनाथन संभालें और इस सप्ताह उदयनिधि स्टालिन के बेटे इनबानिधि उदयनिधि पर तेजाब से हमला किया जाएगा। साथ ही इसमें दावा किया गया था कि पुलिस में भी उनके कुछ साथी मौजूद है।

Updated on:
19 Sept 2025 12:23 pm
Published on:
19 Sept 2025 12:06 pm