
MV Ocean Winner ship sank: बंगाल की खाड़ी में 24 सदस्यीय चालक दल वाला एक व्यापारी जहाज समुद्र में आपदा का शिकार हो गया। पनामा के झंडे वाला यह बल्क कैरियर बंगाल की खाड़ी में डूब गया। जहाज पर 24 क्रू मेंबर्स सवार थे। इसको देखते हुए तुरंत ही भारतीय तट रक्षक बल ने रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। इसमें इंडियन नेवी भी सक्रिय भूमिका निभा रही है। जहाज से संपर्क टूटने के बाद नौसेना ने अपने पी-8आई समुद्री निगरानी विमान को तत्काल खोज एवं बचाव मिशन के लिए लगाया है। इस अभियान में अभी तक दो चालक दल सदस्यों को लाइफराफ्ट से बचाया है, जबकि बाकी लोगों की तलाश जारी है। जहाज पर 20 चीनी, 3 म्यांमार और 1 बांग्लादेशी नागरिक सवार थे।
भारतीय नौसेना ने बताया कि 22 अगस्त को विशाखापत्तनम से लगभग 700 किलोमीटर पूर्व में स्थित एमवी ओशन विनर नामक जहाज से संकट का संदेश मिला था। सूचना मिलते ही नौसेना ने श्री विजय पुरम स्थित समुद्री बचाव समन्वय केंद्र से संपर्क साधा और निगरानी पर तैनात अपने पी-8आई विमान को तुरंत खोज-बचाव कार्य में लगा दिया। विमान ने घटनास्थल के आसपास बिखरे कई लाइफराफ्ट देखे, जिसके बाद वहां से गुजर रहे व्यापारिक जहाज एमटी ऐसोपोस को राहत कार्य में मदद के लिए बुलाया गया।
नौसेना के मुताबिक 22 अगस्त की रात तक एमटी ऐसोपोस ने अलग-अलग लाइफराफ्ट से कुल 24 चालक दल सदस्यों में से 2 को सुरक्षित बचा लिया था। मिली जानकारी के अनुसार जहाज पर सवार लोगों में 20 चीनी नागरिक, 3 म्यांमार के और 1 बांग्लादेशी नागरिक शामिल थे। समुद्री बचाव समन्वय केंद्र को इस जहाज से संपर्क टूटने की जानकारी 22 अगस्त को दोपहर करीब पौने बारह बजे मिली थी, जिसके तुरंत बाद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खोज-बचाव नेटवर्क सक्रिय करते हुए नजदीकी जहाजों को भी अभियान में शामिल किया गया।
भारतीय तटरक्षक बल ने भी नौसेना के साथ मिलकर अभियान की रफ्तार बढ़ा दी है। इसके तहत आईसीजीएस वरद और आईसीजीएस अनमोल पहले से खोज-बचाव में जुटे हैं, वहीं आईसीजीएस विजित को श्री विजय पुरम से अतिरिक्त मदद के लिए रवाना किया गया है। आसपास मौजूद अन्य जहाजों को भी सतर्क करते हुए लापता लोगों और लाइफराफ्ट की खोज में सहयोग करने को कहा गया है। अब तक सिर्फ 2 लोगों को बचाया जा सका है, जबकि बाकी 22 चालक दल सदस्य अभी भी लापता हैं।
नौसेना ने स्पष्ट किया है कि तटरक्षक बल के साथ समन्वय में शेष लापता लोगों की तलाश लगातार जारी रहेगी। गौरतलब है कि पनामा के झंडे वाला यह मालवाहक जहाज एमवी ओशन विनर ओडिशा के पारादीप बंदरगाह से लौह अयस्क लादकर सिंगापुर जा रहा था। जहाज आखिर क्यों डूबा, इसकी अभी पुष्टि नहीं हो पाई है और बचाव कार्य के साथ-साथ इस हादसे से जुड़े तथ्यों की जांच भी की जा रही है।