
Ram Kadam Rahul Gandhi : मुंबई। मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार को लेकर जारी विवाद के बीच INDIA गठबंधन के सुप्रीम कोर्ट तक मार्च पर सियासत तेज हो गई है। भाजपा नेता और विधायक राम कदम ने राहुल गांधी और विपक्षी नेताओं पर संविधान का अपमान करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी और उनके साथियों को देश के संविधान का अपमान करने के लिए हाथ जोड़कर माफी मांगनी चाहिए।
राम कदम ने कहा कि आजादी के बाद बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर ने देश को संविधान दिया और न्यायपालिका इसकी बुनियाद है। अब तक कई नेता आए और गए, लेकिन किसी राजनीतिक दल या नेता ने संविधान और न्यायपालिका तक मार्च करने की हिम्मत नहीं की। उन्होंने विपक्ष के मार्च को लोकतंत्र का सबसे काला दिन बताते हुए कहा कि राहुल गांधी और वंशवादी राजनीति करने वाले कुछ नेताओं ने संविधान का अपमान किया है।
राहुल गांधी की ओर से हाई टी के निमंत्रण पर प्रतिक्रिया देते हुए राम कदम ने कहा कि विपक्ष के नेताओं की सोच को समझा जा सकता है, लेकिन उनके कृत्य उससे भी नीचे हैं। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी के आवास पर होने वाली प्रेस कॉन्फ्रेंस में शामिल होने से पहले विपक्षी नेताओं को देश से माफी मांगनी चाहिए, क्योंकि उन्होंने बाबा साहेब आंबेडकर के दिए संविधान का अपमान किया है।
वहीं, दिल्ली में शिवसेना (यूबीटी) सांसद संजय राउत ने चुनाव आयोग के खिलाफ विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर राहुल गांधी की सुप्रीम कोर्ट में दाखिल याचिका में खामियों के सवाल पर कहा कि कुछ गलतियां हो सकती हैं, लेकिन उन्हें सुधार लिया जाएगा।
राउत ने कहा कि वह भी याचिकाकर्ताओं में शामिल हैं। इसमें उन सभी दलों की भागीदारी है, जिन्होंने पिछले दिन के विरोध प्रदर्शन में हिस्सा लिया था। उन्होंने कहा कि विपक्ष की मांग मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा, चुनाव आयोग में कथित गड़बड़ियों पर रोक और SIR की प्रक्रिया को रोकने की है। साथ ही उन्होंने मतदाता सूची से हटाए गए 13 करोड़ वोटों को बहाल करने की मांग भी उठाई।