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जेल में स्वतंत्र भारद्वाज की जान को खतरा! वकील ने केंद्र और CM रेखा गुप्ता से मांगी सुरक्षा

Swatantra Bhardwaj: जंतर-मंतर पर कथित मारपीट के मामले में गिरफ्तार स्वतंत्र भारद्वाज की जेल सुरक्षा को लेकर उनके वकील पीयूष जैन ने चिंता जताई है। उन्होंने तिहाड़ जेल में हमले की आशंका जताते हुए केंद्र सरकार और दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने की मांग की।
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Updated: 6 Sep 2026, 4:26 PM IST
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स्वतंत्र भारद्वाज (फोटो सोर्स: Swatantra Bhardwaj (कट्टर हिन्दू) फेसबुक पेज)

Swatantra Bhardwaj Arrested: दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान सीजेपी कार्यकर्ता के पिता से कथित मारपीट मामले में स्वतंत्र भारद्वाज को गिरफ्तार किया है। रविवार को भारद्वाज के वकील ने उसकी सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता जताई है। वकील पीयूष जैन ने दावा किया कि भारद्वाज को तिहाड़ जेल में कुछ ‘राष्ट्र-विरोधी तत्वों’ से हमले का खतरा है। उन्होंने केंद्र सरकार और दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से जेल में भारद्वाज की सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने की मांग की है।

एक दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा 

बता दें कि स्वतंत्र भारद्वाज को यूपी के बुलंदशहर से हिरासत में लिया था। इसके बाद शनिवार को कोर्ट में पेश कर एक दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा। रविवार को फिर अदालत ने उन्हें एक दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया।

भारद्वाज पर आरोप है कि जून में जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान उन्होंने एक व्यक्ति के साथ कथित तौर पर मारपीट की, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के समय व्यक्ति अपनी 14 वर्षीय बेटी के साथ मौजूद थे।

वकील ने कहा- वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुई पेशी

स्वतंत्र भारद्वाज के वकील पीयूष जैन ने कहा कि पुलिस ने शनिवार को भारद्वाज को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अदालत में पेश किया और एक दिन की पुलिस हिरासत हासिल की।

उन्होंने कहा कि फिलहाल मामला ड्यूटी मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट के सामने है, जिन्हें जमानत याचिका पर सुनवाई का अधिकार नहीं है। उनके मुताबिक, मामले की अगली सुनवाई SC/ST मामलों के लिए निर्धारित विशेष अदालत में होगी।

POCSO और SC/ST एक्ट के तहत भी कार्रवाई

वकील ने दावा किया कि भारद्वाज के खिलाफ बाद में कुछ और धाराएं जोड़ी गई हैं। इनमें SC/ST (अत्याचार निवारण) अधिनियम के प्रावधान और आपराधिक धमकी से जुड़ी धाराएं शामिल हैं।

उन्होंने कहा कि भारद्वाज के खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत एक अलग मामला दर्ज किया गया है। यह मामला एक नाबालिग छात्र कार्यकर्ता की शिकायत पर दर्ज किया गया, जिसमें उसने ऑनलाइन धमकी और उत्पीड़न का आरोप लगाया है।

हालांकि, भारद्वाज के वकील ने सभी आरोपों को पूरी तरह मनगढ़ंत बताया। उन्होंने दावा किया कि कथित घटना के करीब दो महीने बाद अचानक पॉक्सो और SC/ST एक्ट की धाराएं जोड़ी गईं।

भारद्वाज की जेल में सुरक्षा को लेकर चिंता जताते हुए पीयूष जैन ने कहा कि उन्हें ऐसी जानकारी मिली है कि जेल में उनके ऊपर हमला किया जा सकता है।

वकील ने दावा किया कि कुछ ‘राष्ट्र-विरोधी तत्व’ भारद्वाज को निशाना बनाकर भारत सरकार को संदेश देना चाहते हैं। उन्होंने केंद्र सरकार और दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से तिहाड़ जेल में भारद्वाज के लिए व्यापक सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की अपील की।

Updated on:
6 Sep 2026, 4:26 PM IST
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