
Gyanesh Kumar Resignation; मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ विपक्ष का आंदोलन थमने काम नाम नहीं ले रहा है। दरअसल, राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के सांसद मनोज कुमार झा ने मंगलवार को कहा कि ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे तक विपक्ष का आंदोलन नहीं रुकेगा। उन्होंने यह बयान लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के आवास पर हुई हाई-टी बैठक के बाद दिया। इस बैठक में विपक्षी नेताओं ने आगे की रणनीति और आंदोलन को लेकर चर्चा की।
बता दें कि मनोज झा ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि जब तक मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार इस्तीफा नहीं देते, तब तक आंदोलन नहीं रुकेगा।' विपक्षी दलों की यह मांग मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर उठाए जा रहे सवालों के बीच सामने आई है।
कांग्रेस सांसद गद्दाम वामशी कृष्णा ने भी चुनाव आयोग पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि देश के पहली बार मतदान करने वाले युवाओं को निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने दावा किया कि मतदाता सूची से 13 करोड़ से अधिक वोट हटा दिए गए हैं। हालांकि, यह आंकड़ा कांग्रेस सांसद का दावा है। राहुल गांधी के आवास पर हुई बैठक के बाद वामशी कृष्णा ने कहा कि विपक्ष युवाओं के लोकतांत्रिक अधिकारों और उनके मतदान के अधिकार की रक्षा के लिए संघर्ष कर रहा है। उन्होंने दावा किया कि पिछले दिन हुए विरोध प्रदर्शन में बड़ी संख्या में युवा शामिल हुए और विपक्ष उनके साथ खड़ा है।
कांग्रेस सांसद ने कहा कि विपक्ष ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और मुख्य चुनाव आयुक्त को मिलने वाली कानूनी छूट को हटाने की मांग को लेकर अपना संघर्ष जारी रखेगा। उनके मुताबिक, इस छूट को खत्म करने की मांग भी विपक्ष के आंदोलन का हिस्सा है।
इस बीच कांग्रेस सांसद के. सुधाकरन ने कहा कि पार्टी आंदोलन की आगे की रणनीति तय करने से पहले सुप्रीम कोर्ट के फैसले का इंतजार कर रही है। राहुल गांधी के आवास पर हाई-टी बैठक में शामिल होने के बाद उन्होंने कहा कि अदालत का निर्णय आने के बाद ही आगे की कार्रवाई पर फैसला लिया जाएगा। सुधाकरन ने कहा कि हम सुप्रीम कोर्ट के फैसले का इंतजार कर रहे हैं। उसके बाद निर्णय लेंगे।
इससे पहले राहुल गांधी ने कहा था कि उनका राजनीतिक संघर्ष तब तक जारी रहेगा, जब तक वे अपना अंतिम लक्ष्य हासिल नहीं कर लेते। चुनाव आयोग और SIR से जुड़े मुद्दों पर विपक्ष लगातार सवाल उठा रहा है। राहुल गांधी के आवास पर हुई बैठक में विपक्षी नेताओं ने आंदोलन की दिशा और आगे की रणनीति पर चर्चा की। एक ओर RJD सांसद मनोज झा ने ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे तक आंदोलन जारी रखने की बात कही, वहीं कांग्रेस सांसद के. सुधाकरन ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद अगला कदम तय करने का संकेत दिया।