फर्म के नाम से खोला था चालू खाता, 11 महीने से था अंडरग्राउंड, सरहद पार बैठे साइबर गैंग से कनेक्शन का खुलासा
ग्वालियर। रामकृष्ण आश्रम के तत्कालीन सचिव सुप्रदिप्तानंद स्वामी को डिजिटल अरेस्ट कर 2.52 करोड़ रुपये की महाठगी करने वाले साइबर गिरोह के एक और अहम मोहरे को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी मुकेश पुत्र राम धाकड़ को धार जिले के गोदीखेड़ा से दबोचा गया है। पुलिस के मुताबिक, कारोबार में घाटा होने के बाद मुकेश ने 50 प्रतिशत कमीशन पर अपना बैंक खाता बेचकर इस करोड़ों की ठगी में भूमिका निभाई थी।
साइबर सेल निरीक्षक धर्मेन्द्र सिंह कुशवाह ने बताया कि आरोपी पिछले 11 महीनों से मोबाइल बंद कर अंडरग्राउंड था। पुलिस ने उसके पास से ठगी की रकम में से 3 लाख रुपये भी बरामद किए हैं।
फर्म के नाम से खुलवाया था चालू खाता
जांच में सामने आया है कि मुकेश धाकड़ ने ‘मां यक्ष एंटरप्राइजेज’ नाम से एक चालू खाता खुलवाया था। इसी खाते के जरिए ठगी की रकम को ठिकाने लगाया गया। बीते वर्ष 16 अप्रैल को साइबर ठगों ने मनी लॉन्ड्रिंग के झूठे मामले में फंसाने की धमकी देकर सुप्रदिप्तानंद स्वामी से आश्रम के तीन खातों से ऑनलाइन 2.52 करोड़ रुपये ट्रांसफर करवा लिए थे।
11 लाख रुपये इसी खाते में आए
पुलिस के अनुसार, ठगी की कुल रकम में से 11 लाख रुपये मुकेश धाकड़ के इसी चालू खाते में जमा किए गए थे। मामले का खुलासा होने के बाद वह फरार हो गया था। पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि खाते में आए 11 लाख में से 8 लाख रुपये उसने निकाल लिए थे, जिसमें से 4 लाख रुपये उसका हिस्सा था।
देवास के राजा खान ने मिलवाया गैंग से
आरोपी ने खुलासा किया कि उसे साइबर ठगी के नेटवर्क से देवास निवासी उसके दोस्त राजा खान ने जोड़ा था। राजा खान के तार सरहद पार बैठे साइबर ठगों से जुड़े हुए हैं। उसी ने 50 प्रतिशत कमीशन पर बैंक खाता उपलब्ध कराने की डील करवाई और बाकी रकम आगे नेटवर्क में ट्रांसफर कराई गई।
पुलिस अब राजा खान और विदेशी साइबर गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी है।