
Athelete Diet: खेल प्रेमियों और युवा एथलीटों के लिए यह जानना दिलचस्प होता है कि ओलंपिक गोल्ड मेडलिस्ट्स अपनी ताकत और फुर्ती बनाए रखने के लिए क्या खाते हैं। कुछ खिलाड़ियों ने इस रहस्य से पर्दा हटाया और यह बताया कि वह खुद को मेडलिस्ट की दौड़ में शामिल रखने के लिए कौन सी डाइट फॉलो करते हैं। आइए जानते हैं, कैसे एक गोल्ड मेडलिस्ट की डाइट उसकी सफलता की चाबी बनती है।
भारतीय भारोत्तोलक और ओलंपिक पदक विजेता मीराबाई चानू ने बताया कि वे ब्रेड और दूध जैसी चीजें आमतौर पर नहीं खातीं, क्योंकि उन्हें अपने वजन वर्ग में बने रहना होता है। उनका नाश्ता बेहद साधारण होता है- उबले अंडे, उबला चना और उबली मशरूम। यह सादगी उनकी अनुशासन और वजन नियंत्रण की रणनीति का हिस्सा है।
जैवलिन थ्रो में ओलंपिक चैंपियन नीरज चोपड़ा की डाइट में प्रोटीन की अहम भूमिका है। उनका भोजन अंडे, ग्रिल्ड चिकन और ताजे फल शामिल करता है। वे मानते हैं कि नॉन-वेज खाने से उनकी मांसपेशियों को मजबूती मिलती है और ताकत बनी रहती है।
बैडमिंटन खिलाड़ी लक्ष्य सेन के लिए उनकी मां निर्मला का खाना एक रहस्य है। उनके लंच में हल्का मसालेदार चिकन नूडल सूप, चिकन स्टेक या पास्ता शामिल होता है, जो उनके पोषण विशेषज्ञ के साथ मिलकर तैयार किया जाता है। एक दिन में वे 6–7 छोटे-छोटे भोजन करते हैं, और हाइड्रेशन पर भी विशेष ध्यान रहता है।
खेल पोषण पर हुए शोधों के नतीजे बताते हैं कि आधुनिक एथलीटों की ऊर्जा खपत बहुत अलग होती है। उदाहरण के लिए, 1952 के ओलंपिक में एथलीटों की दैनिक ऊर्जा खपत लगभग 18,841 किलोजूल थी, जिसमें 40% कार्बोहाइड्रेट, 20% प्रोटीन और 40% वसा शामिल थे। आज के एथलीटों में यह अनुपात काफी विविध लिए हुए है- प्रोटीन 1.0–4.3 ग्राम प्रति किलोग्राम और कार्बोहाइड्रेट 3.5–6.9 ग्राम प्रति किलोग्राम शरीर वजन के हिसाब से।
अमेरिकी ओलंपिक समिति की वरिष्ठ स्पोर्ट्स डायटिशियन एलीसिया केंडिग ने बताया कि एथलीटों को अपने भोजन को ईंधन की तरह सोचना चाहिए, न कि सिर्फ कैलोरी के रूप में। खासकर खेल के बाद कार्बोहाइड्रेट और प्रोटीन का संयोजन मांसपेशियों की रिकवरी और ऊर्जा को बनाए रखने में मदद करता है।
इन उदाहरणों से स्पष्ट होता है कि ओलंपिक गोल्ड मेडलिस्ट्स की डाइट में तीन चीजें सबसे ज्यादा मायने रखती हैं: सादगी, संतुलन और व्यक्तिगत जरूरत के अनुसार पोषण। मीराबाई चानू का सादा नाश्ता, नीरज चोपड़ा का प्रोटीन-प्रधान भोजन और लक्ष्य सेन का घर जैसा पोषण- तीनों में एक बात समान है: हर भोजन का उद्देश्य स्पष्ट है।
यदि आप खुद को फिट रखना चाहते हैं- चाहे आप स्कूल/कॉलेज के एथलीट हों या खेल प्रेमी तो निम्नलिखित बातों का ध्यान रखें।
हाइड्रेशन एथलीटों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। सही मात्रा में पानी पीने से शरीर की कार्यक्षमता बढ़ती है और थकान कम होती है। विशेषज्ञों के अनुसार, एथलीटों को दिनभर में नियमित अंतराल पर पानी पीना चाहिए, खासकर ट्रेनिंग के दौरान।
एथलीटों के लिए मानसिक स्वास्थ्य भी उतना ही महत्वपूर्ण है जितना कि शारीरिक स्वास्थ्य। सही पोषण मानसिक स्वास्थ्य को भी प्रभावित करता है। ओमेगा-3 फैटी एसिड और विटामिन बी जैसे पोषक तत्व मानसिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में मदद कर सकते हैं।
इन खिलाड़ियों की डाइट से प्रेरणा लेकर आप अपनी फिटनेस यात्रा में भी सुधार ला सकते हैं। सही पोषण और अनुशासन के साथ, आप भी अपनी खेल क्षमता को बढ़ा सकते हैं।