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महिलाओं में दिल की बीमारी का बढ़ता खतरा: पहचानें लक्षण, स्ट्रेंथ ट्रेनिंग से जोखिम 45% तक करें कम

दिल की बीमारी के लक्षण आपके भीतर छिपे हुए हो सकते हैं। अपने स्वास्थ्य को प्राथमिकता दें और जानें कैसे सही जानकारी और स्ट्रेंथ ट्रेनिंग से आप इस खतरे को कम कर सकती हैं!
3 min read
Aug 30, 2026
women heart attack
प्रतीकात्मक तस्वीर | ChatGPT AI

दिल की बीमारी महिलाओं में तेजी से बढ़ता खतरा है, लेकिन अक्सर इसके संकेत छिपे रहते हैं और पहचान में देर हो जाती है। हालिया शोध और विशेषज्ञों की राय बताती है कि जीवनशैली में बदलाव और सही जानकारी से इस खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है।

पहचानें वे लक्षण जो अक्सर अनदेखे रह जाते हैं

महिलाओं में दिल का दौरा (हार्ट अटैक) अक्सर पारंपरिक सीने में दर्द के बजाय सांस फूलना, जी मिचलाना, जबड़े या पीठ में दर्द, और असामान्य थकान जैसे लक्षणों के साथ आता है। कई बार ये लक्षण तनाव, एसिडिटी या थकावट समझ लिए जाते हैं, जिससे समय पर इलाज नहीं हो पाता।

इसके अलावा, महिलाओं में माइक्रोवैस्कुलर डिजीज (छोटी धमनियों में समस्या) और ब्रोकन हार्ट सिंड्रोम जैसी स्थितियां भी होती हैं, जो पारंपरिक जांच में पकड़ में नहीं आतीं।

जोखिम: हार्मोन, गर्भावस्था और तनाव

मेनोपॉज के बाद एस्ट्रोजन हार्मोन में गिरावट के कारण रक्तचाप और कोलेस्ट्रॉल बढ़ सकते हैं, जिससे दिल की बीमारी का खतरा बढ़ जाता है।
गर्भावस्था में उच्च रक्तचाप, प्रीक्लेम्पसिया या गर्भकालीन मधुमेह जैसी समस्याएं भविष्य में दिल की बीमारी के जोखिम को बढ़ा सकती हैं।
साथ ही, ऑटोइम्यून बीमारियां (जैसे ल्यूपस, रुमेटॉयड आर्थराइटिस), पीसीओएस और मानसिक तनाव भी महिलाओं में जोखिम बढ़ाते हैं।

दिल की बीमारी से बचाव में स्ट्रेंथ ट्रेनिंग का प्रभाव

एक हालिया अध्ययन (JACC, जून 2026) में 1,17,000 से अधिक महिलाओं पर 14–15 वर्ष तक निगरानी की गई। इसमें पाया गया कि जो महिलाएं सप्ताह में कम से कम 2 घंटे स्ट्रेंथ ट्रेनिंग (मांसपेशियां मजबूत करने वाले व्यायाम) करती हैं, उनमें मुख्य हृदय रोग (जैसे हार्ट अटैक) का जोखिम 20% कम होता है, और हार्ट अटैक का जोखिम 44% तक घट जाता है।

हर अतिरिक्त घंटे की स्ट्रेंथ ट्रेनिंग से हृदय रोग का जोखिम लगभग 5% और हार्ट अटैक का जोखिम 14% तक कम हो जाता है। जब महिलाएं सप्ताह में 150 मिनट कार्डियो (जैसे तेज चलना, दौड़ना) के साथ 2 घंटे स्ट्रेंथ ट्रेनिंग भी करती हैं, तो हार्ट अटैक का जोखिम 45% तक कम हो जाता है।

स्ट्रेंथ ट्रेनिंग और एरोबिक व्यायाम प्रभावी

पुरानी वुमन्स हेल्थ स्टडी (2000–2014) में पाया गया कि स्ट्रेंथ ट्रेनिंग और ≥120 मिनट एरोबिक व्यायाम दोनों करने वाली महिलाओं में टाइप 2 डायबिटीज का जोखिम 65% और हृदय रोग का जोखिम 39% तक कम हुआ, जबकि केवल एरोबिक व्यायाम करने पर क्रमशः 48% और 21% की कमी मिली।

क्या स्ट्रेंथ ट्रेनिंग अधिक मात्रा में हानिकारक हो सकती है?

एक अन्य अध्ययन में पाया गया कि सप्ताह में लगभग 150 मिनट से अधिक स्ट्रेंथ ट्रेनिंग करने पर मृत्यु जोखिम में कोई अतिरिक्त कमी नहीं होती; बल्कि कुछ मामलों में यह समान या थोड़ा अधिक हो सकता है। इसलिए, मध्यम मात्रा (लगभग 150 मिनट/सप्ताह से कम) में स्ट्रेंथ ट्रेनिंग और एरोबिक व्यायाम का संतुलित संयोजन सबसे सुरक्षित और लाभकारी है।

क्या करें

  • सप्ताह में कम से कम 2 दिन स्ट्रेंथ ट्रेनिंग करें — इसमें वजन उठाना, रेजिस्टेंस बैंड या बॉडीवेट एक्सरसाइज शामिल हो सकते हैं।
  • साथ में सप्ताह में कुल 150 मिनट तक मध्यम कार्डियो (जैसे तेज चलना, साइकिलिंग) करें।
  • लंबे समय तक टीवी देखने या बैठने से बचें — सक्रिय जीवनशैली अपनाएं।
  • नियमित रूप से रक्तचाप, रक्त शर्करा और कोलेस्ट्रॉल की जांच कराएं।
  • यदि सीने में दबाव, सांस फूलना, असामान्य थकान, जी मिचलाना, जबड़े या पीठ में दर्द जैसे लक्षण महसूस हों, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।

कब डॉक्टर से मिलें

यदि आप मेनोपॉज के बाद हैं, या गर्भावस्था में कोई जटिलता हुई है, या आपके परिवार में दिल की बीमारी का इतिहास है, तो नियमित जांच और सलाह लेना आवश्यक है। किसी भी असामान्य लक्षण पर देर न करें।

महिलाओं में दिल की बीमारी का खतरा बढ़ रहा है, लेकिन सही जानकारी, सक्रिय जीवनशैली और व्यायाम से इसे काफी हद तक रोका जा सकता है। स्ट्रेंथ ट्रेनिंग और कार्डियो का संयोजन, साथ ही लक्षणों की पहचान और समय पर इलाज, जीवन को सुरक्षित और स्वस्थ बना सकते हैं। अगला कदम: अपनी दिनचर्या में छोटे-छोटे व्यायाम शामिल करें और अपनी हृदय सेहत के प्रति सजग रहें।

मेडिकल डिस्क्लेमर: यह लेख सामान्य जानकारी के लिए है। किसी भी स्वास्थ्य समस्या या व्यायाम शुरू करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह अवश्य लें।

Updated on:
30 Aug 2026 12:10 pm
Published on:
30 Aug 2026 12:10 pm