MBBS Seats: नेशनल मेडिकल कमीशन से भी कोई सूचना नहीं आई है। डीएमई के अधिकारी सूचना का इंतजार कर रहे हैं ताकि सीडी लाने दिल्ली जाएं
MBBS Seats: मेडिकल व डेंटल कॉलेजों में प्रवेश के लिए काउंसलिंग 14 अगस्त से होगी, लेकिन छत्तीसगढ़ में नीट यूजी रिजल्ट की सीडी अभी डीएमई कार्यालय नहीं पहुंची है। इसके लिए नेशनल मेडिकल कमीशन से भी कोई सूचना नहीं आई है। डीएमई के अधिकारी सूचना का इंतजार कर रहे हैं ताकि सीडी लाने दिल्ली जाएं।
MBBS Seats: सीडी आने के बाद पात्र छात्रों की पूरी सूची मिल जाएगी। प्रदेश में 22300 से ज्यादा छात्र इस बार काउंसलिंग में शामिल होने के लिए पात्र हैं। एडमिशन उन्हीं छात्रों को मिलेगा, जो मेरिट सूची में ऊपर है और जिनकी रैंक अच्छी है।
प्रदेश में 15 मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस की 2110 व 6 डेंटल कॉलेजों की 600 सीटों पर एडमिशन होना है। 10 सरकारी कॉलेजों में एमबीबीएस ( MBBS Student ) की 1460 व 5 निजी में 650 सीटें हैं। प्रवेश के लिए पात्र छात्रों को काउंसलिंग का इंतजार है। नीट यूजी (NEET UG 2024) का पहला रिजल्ट 4 जून, दूसरा रिजल्ट 30 जून, इसके बाद पिछले सप्ताह फाइनल रिजल्ट आया था। इसमें प्रदेश के पात्र छात्रों की संख्या मामूली ढंग से प्रभावित हुई थी।
जब दिल्ली से सीडी आएगी, तब इसे डीएमई व काउंसलिंग कमेटी के अध्यक्ष व सदस्यों के बीच इसे खोला जाएगा। सीडी को खोलने के लिए बंद लिफाफा में पासवर्ड भी होता है। सबसे पहले ऑल इंडिया कोटे की सीटों के लिए एनएमसी की मेडिकल काउंसलिंग कमेटी यानी एमसीसी शेड्यूल जारी करेगा।
इसके बाद ही स्टेट कोटे के लिए डीएमई कार्यालय शेड्यूल बनाएगा। सामान्यत: ऑल इंडिया कोटे का राउंड खत्म होते ही स्टेट कोटे में प्रवेश शुरू होता है। ताकि किसी भी छात्र का नाम रिपीट न हो। अच्छी रैंक वाले कई छात्र ऑल इंडिया कोटे के लिए काउंसलिंग में शामिल होते है। ये काउंसलिंग दिल्ली से होती है।
प्रदेश में एक निजी मेडिकल कॉलेज की शिकायत संबंधी पत्र सोशल मीडिया में वायरल है। वायरल पत्र में कॉलेज की शिकायत एनएमसी से की गई है। इसमें फेक फैकल्टी का दावा किया गया है। ये पत्र डॉक्टर बिरादरी के बीच चर्चा का विषय है। कुछ डॉक्टरों ने पत्रिका से कहा कि इस तरह की शिकायतों से अच्छे निजी कॉलेज की छवि भी खराब होती है।
दरअसल जनमानस में यही संदेश जाता है कि निजी कॉलेज तो ऐसा करते ही हैं। देखने वाली बात होगी कि इस शिकायत पर एनएमसी कोई कदम उठाता है या नहीं। जानकारों के अनुसार अगर एनएमसी की ओर से कार्रवाई की गई तो कॉलेज की मान्यता खतरे में आ सकती है। यही नहीं भारी-भरकम पेनाल्टी भी लग सकती है।
डीएमई डॉ. यूएस पैकरा ने कहा कि दिल्ली से सूचना मिलते ही सीडी लाई जाएगी। ऑल इंडिया का शेड्यूल जारी होने के बाद स्टेट का शेड्यूल जारी किया जाएगा। हमारी तैयारी पूरी है।