आर्यमान को साइंस में अधिक रुचि है। पांचवी क्लास में थेे तब इन्हें स्कूल से हेलीकॉप्टर का नमूना डिजाइन करने को मिला था। हेलीकॉप्टर बनाने में जुटे तो फिर नहीं रुके। हेलीकॉप्टर बनाने के बाद इन्होंने तय किया कि वे एक ऐसा ड्रोन बनाएंगे जिसका इस्तेमाल छोटे स्तर पर स्कूल, कॉलेज और पार्कों में बच्चों की सुरक्षा के लिहाज से किया जाएगा। करीब दो साल की मेहनत के बाद इन्होंने ड्रोन तैयार किया जो जमीन से 70 फीट की ऊंचाई पर उड़ सकता है।