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महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख के खिलाफ वसूली मामले में CBI का बड़ा एक्शन, दर्ज की FIR

महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख के खिलाफ CBI ने दर्ज की FIR, कई ठिकानों पर छापेमारी
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Dheeraj Sharma

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Updated: 24 Apr 2021, 10:25 AM IST

CBI file FIR against Anil Deshmukh

CBI file FIR against Anil Deshmukh

नई दिल्ली। महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख ( Anil Deshmukh ) को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। एनसीपी नेता के खिलाफ कथित रिश्वतखोरी मामले में सीबीआई ( CBI ) ने एफआईआर ( FIR ) दर्ज कर ली है। मुंबई में 10 से ज्यादा जगहों पर सीबीआई की छापेमारी चल रही है।

आपको बता दें कि मुंबई पुलिस के पूर्व कमिश्नर परमबीर सिंह ने अनिल देशमुख पर वसूली के आरोप लगाकर हाई कोर्ट से सीबीआई जांच की मांग की थी।

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परमबीर सिंह की शिकायत के बाद बॉम्बे हाई कोर्ट ने सीबीआई को जांच सौंप दी गई थी। अदालत ने जांच एजेंसी को यह तय करने के लिए 15 दिन का समय दिया था कि भ्रष्टाचार का मामला दर्ज किया जा सकता है या नहीं। इसी पर कार्रवाई करते हुए सीबीआई ने महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख के खिलाफ इस कार्रवाई को अंजाम दिया है।

मामला दर्ज करने के बाद, सीबीआई ने शनिवार को कई जगहों पर छापेमारी भी की है। दरअसल पांच अप्रैल को हाई कोर्ट ने इस मामले में सीबीआई जांच के आदेश दे दिए थे।

इससे पहले शुक्रवार को केंद्रीय जांच एजेंसी ने उनके खिलाफ भ्रष्टाचार का मामला दर्ज किया था। देशमुख के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोपों की सीबीआई ने प्रारंभिक जांच शुक्रवार को पूरी कर ली थी।

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ये है पूरा मामला
दरअसल अनिल देशमुख उस दौरान सुर्खियों में आए जब उद्योगपति मुकेश अंबानी के घर के बाहर विस्फोटक वाली कार मिलने के मामले में एपीआई सचिन वाझे की गिरफ्तारी के बाद पद से हटाए गए परमबीर सिंह ने मुख्यमंत्री को खत लिखकर देशमुख के खिलाफ आरोप लगाए। उन्होंने पत्र में लिखा कि, वाझे को अनिल देशमुख ने हर महीने 100 करोड़ रुपए की वसूली का आदेश दिया था। हाल ही में वाझे ने भी एनआईए कोर्ट को लिखे खत में यही आरोप लगाए हैं।

गृह मंत्री अनिल देशमुख ने मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त परमबीर सिंह के वसूली संबंधी आरोपों पर हाई कोर्ट की ओर से सीबीआई जांच का आदेश दिए जाने के बाद अपने पद से इस्तीफा दे दिया था।

एडवोकेट जयश्री पाटील ने अनिल देशमुख के खिलाफ यह याचिका दाखिल की थी. इस मामले में एनसीपी चीफ शरद पवार का नाम भी उछाला गया।