प्यासे गांव करे पानी की पुकार: पानी का अपार भंडार, फिर भी ढाणियां प्यासी

-डाबला क्षेत्र से जिला मुख्यालय पर हो रही पानी की आपूर्ति
-पेजयल आपूर्ति को तरस रहे छोटे गांव व ढाणियां

By: Deepak Vyas

Published: 17 Sep 2020, 11:33 AM IST

जैसलमेर/डाबला. जिला मुख्यालय से बीस किलोमीटर दूर डाबला क्षेत्र में कई ढाणियों में पानी की किल्लत देखने को मिल रही है। डाबला स्थित खेतसिंह की ढाणी जोधा में गत डेढ़ महीने से पेयजल आपूर्ति ठप होने के कारण ग्रामीणों को परेशानियों का सामना करना पड़ा है। ढाणी में पिछले कई महीनों से पेयजल आपूर्ति में अनियमितता का दौर बना हुआ है। गोरतलब है कि मंगलसिंह की ढाणी जौधा से पेयजल आपूर्ति होती हैं जो पिछले दिनों हुई बारिश के कारण करीब 200 फीट पाइप लाइन उखड़ कर पानी के साथ बह गई है। ग्रामीण मेहताब सिंह चौहान ने बताया कि मैने विभागीय अधिकारियों के अलावा सम्पर्क पोर्टल पर शिकायत तक दर्ज करने के बावजूद अभी तक किसी ने सुध तक नही ली गई हैं। सूत्रों की मानें तो डाबला गांव में अथाह पेयजल भंडार है जो पूरे जैसलमेर शहर की प्यास बुझाता है, लेकिन छोटे-छोटे गांवो में छितराई ढाणियां पेयजल आपूर्ति के लिए तरस रही हैं। इन निराशाजनक परिस्थितियों को दिन प्रतिदिन विभागीय उदासीनता सामने आ रही है। डाबला ग्राम पंचायत मुख्यालय के साथ ही राजस्व गांव ढाणियों में पेयजल की आपूर्ति लम्बे समय से अनियमित होने से ग्रामीणों को पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा है।डाबला, जोधा, दरबारी का गांव, चिम्माराम की ढाणी, आशायच स्थित ऊनड़ो की ढाणी में अव्यवस्थाओं की मार के चलते पेयजल की आपूर्ति समय पर नहीं हो पाती हैं। ग्रामीणों ने बताया कि क्षेत्र में सूचारु व शुद्ध पेयजल की मांग चुने हुए जनप्रतिनिधियों, विभाग व प्रशासनिक अधिकारियों से कर रहे हैं लेकिन जिला मुख्यालय से सटे गांवों व छितराई ढाणियों की और कोई भी ध्यान नहीं दे रहा है इसका खामियाजा मूक पशुधन व आमजन को भुगतना पड़ रहा है।
पेयजल आपूर्ति पर गिरी 'बिजलीÓ
डाबला की पेयजल आपूर्ति पूरी तरह से विधुत आपूर्ति पर ही निर्भर है। डाबला जीएसएस से गांवों और छितराई ढाणियों में विद्युत व्यवधान के चलते पेयजल आपूर्ति पर गाज गिरती हैं। पिछले दिनों हुई बारिश से जौधा स्थित मंगलसिंह की ढाणी से खेतसिंह की ढाणी में विद्युत पोल गिरने के कारण सप्लाई बाधित हो गई थी, जो अभी पूरी तरह से ठीक नहीं हुई है। दो पोल लगाने थे वहां एक पोल लगातार खानापूर्ति कर दी गई है।
इसी क्रम में बडौड़ा गांव के राजस्व ग्राम आशायच स्थित ऊनड़ो की ढाणी में पेयजल आपूर्ति ठप होने से ग्रामीणों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है व दरबारी गांव के साथ साथ चिम्माराम की ढाणी में पेयजल आपूर्ति की कोई व्यवस्था नहीं है। यहां न कोई जीएलआर है न कोई टांकों में कनेक्शन दिया गया है। छितराई ढाणियों में पानी के लिए तरस रहे हैं, साथ ही महंगे दामों में ट्रेक्टरो द्वारा डलवाया जाता है

नहीं निकलाहल
मैंने पानी की समस्या को लेकर सम्पर्क पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई थी, इसके बावजूद अभी तक कोई हल नहीं निकला है। यहां शीघ्र शुद्ध पेयजल आपूर्ति की व्यवस्था कराने की दरकार है।
-मेहताबसिंह चौहान, जोधा

भटक रहा पशुधन भी
पिछले कई महीनों से पेयजल आपूर्ति नहीं हो रही है जगह.जगह खेतों में तारबंदी होने के चलते पशुधन को पानी के लिए भटकना पड़ता है।
-बाबूसिंह भाटी, ऊनड़ो की ढाणी

स्थिति जस की तस
दरबारी गांव में समय पर जलापूर्ति नहीं से काफी परेशानी झेलनी पड़ती हैं। कई बार विभागीय अधिकारियों को अवगत करवाने के बावजूद समस्या जस की तस बनी हुई हैं।
-अशोक कुमार, भील दरबारी का गांव

Deepak Vyas Bureau Incharge
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