अभियोजन कथानक के अनुसार खुटहन थाना क्षेत्र के गभिरन (भैरवा) निवासी ओमप्रकाश यादव पुत्र राम नाथ यादव ने थाने मे इस आशय की रिपोर्ट दर्ज करायी थी कि 06/06/2001 को साढ़े 11 बजे दिन मेरे घर के सामने मंदिर के सामने सुरेंद्र यादव ट्रेक्टर ट्राली से मनौती की मिट्टी गिराए। जिसे मेरे पिता रामनाथ मिट्टी को बराबर करने लगे तो गाँव के ही देवदत्त , उदयराज पुरानी रंजिश को लेकर हाथ मे लाइसेंसी बन्दूक लेकर मेरे पिता जी को गाली देते हुए मिट्टीबराबर करने से मना किये। उन्हें कसराज यादव व हरीलाल ने ललकारा कि मारो सालों को जिसपर उदयराज व देवदत्त ने अपनी बन्दूक़ से मेरे पिता के उप्र फ़ायर कर दिया। जिससे वह गम्भीर रूप से घायल होकर ज़मीन पर गिर गए और मेरी मां घायल हो गई। बचाने मेरी और शीला पहुँची तो उसे कसंराज ने लाठी से मारने लगे। शोर सुनकर गाँव के राममिलन रामअवध आदि आ गए। आरोपीगण गालियां देते हुए भाग गए। उपचार के लिए अस्पताल ले जाते समय उनकी मौत हो गई।