scriptEducation Minister Madan Dilawar inspected Bhadwasiya School of Jodhpur | 10वीं के विद्यार्थियों को पढ़ा रहा था, शिक्षामंत्री ने पूछ लिया इतना आसान सवाल और खुल गई पोल | Patrika News

10वीं के विद्यार्थियों को पढ़ा रहा था, शिक्षामंत्री ने पूछ लिया इतना आसान सवाल और खुल गई पोल

locationजोधपुरPublished: Feb 03, 2024 09:57:18 am

Submitted by:

Rakesh Mishra

स्कूली शिक्षा मंत्री मदन दिलावर शुक्रवार को जोधपुर दौरे के दौरान दोपहर 3.30 बजे राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय भदवासिया का निरीक्षण करने पहुंचे। निरीक्षण में स्कूल के साथ प्रदेश की शैक्षणिक व्यवस्था की भी पोल खुल गई।

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स्कूली शिक्षा मंत्री मदन दिलावर शुक्रवार को जोधपुर दौरे के दौरान दोपहर 3.30 बजे राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय भदवासिया का निरीक्षण करने पहुंचे। निरीक्षण में स्कूल के साथ प्रदेश की शैक्षणिक व्यवस्था की भी पोल खुल गई।
स्थान-भदवासियां स्कूल, कक्षा-10

1- शिक्षा मंत्री: क्या पढ़ा रहे हो?
शिक्षक- गणित

2- शिक्षा मंत्री बच्चों से: ये कब से पढ़ा रहे हैं?
बच्चे- आज ही आए हैं।
(पढ़ाने वाले ने कहा कि वह बीएड इंटर्नशिप कर रहा है, आज ही आया है। शिक्षा मंत्री ने रजिस्टर मंगवाकर देखा तो उसके नाम के आगे कांट-छांट की हुई थी। छात्रध्यापक ने कहा कि उसके नाम के आगे गलती से किसी और का नाम लिख दिया गया है।)
3- शिक्षा मंत्री छात्रध्यापक से: ग्रेजुएशन किसमें की है?
छात्रध्यापक- आर्ट्स में

4 -शिक्षा मंत्री: तो गणित कैसे पढ़ा रहे हो?
छात्रध्यापक: 12वीं में मेरे साइंस-मैथ्स थी।

5- शिक्षा मंत्री: साइंस-मैथ्स में क्या सब्जेक्ट थे?
छात्रध्यापक: इतिहास व भूगोल।
(छात्रध्यापक का यह जवाब सुनकर मदन दिलावर भौंचक्के रह गए। उन्होंने पास ही खड़े जिला शिक्षा अधिकारी इंसाफ खान जई से पूछा कि जब वे स्कूल में पढ़ते थे तो आट््र्स के साथ कभी साइंस-मैथ्स का कॉम्बबेशन नहीं था, अब कैसे हो गया?)
6- शिक्षा मंत्री छात्रध्यापक से: कार्बन डाई ऑक्साइड का रासायनिक फॉर्मूला बताओ?
छात्रध्यापक: कोई जवाब नहीं दे पाए।

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7-शिक्षा मंत्री: कोई नहीं, कैल्सिशयम क्लोराइड का फॉर्मूला बताओ?
छात्रध्यापक: कोई जवाब नहीं, गर्दन नीचे कर ली।
(शिक्षा मंत्री दिलावर ने कहा कि यह कहीं कम पैसे लेकर पढ़ाने वाला गुरुजी तो नहीं हैं और असली गुरुजी कहीं गायब है। उन्होंने कहा कि इसकी जांच की जाएगी। गौरतलब है कि उपर्युक्त दोनों रासायनिक फॉर्मूले आठवीं कक्षा में ही पढ़ा दिए जाते हैं।)

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