
अटरू. श्री महादेव गोशाला टिगरी में श्रावण मास के अवसर पर ग्रामवासियों के सहयोग से आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के छठे दिन श्रद्धा और उल्लास छाया रहा। कथा वाचक प्रिया किशोरी ने भगवान श्रीकृष्ण की दिव्य लीलाओं, महारास तप्रसंग तथा भगवान श्रीकृष्ण और रुक्मणि के विवाह की कथा का वर्णन किया। कथा श्रवण के लिए बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं श्रद्धालु गोशाला परिसर में पहुंचे। प्रिया किशोरी ने भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं का वर्णन करते हुए भक्ति के महत्व को समझाया। उन्होंने कहा कि भगवान की लीलाएं भक्तों को प्रेम, समर्पण और भक्ति का संदेश देती हैं। कथा के दौरान जैसे ही भगवान श्रीकृष्ण और रुक्मणि के विवाह का प्रसंग आया, कथा पंडाल में उल्लास छा गया। विवाह प्रसंग को श्रद्धालुओं ने उत्सव के रूप में मनाया। भजनों की धुन पर महिलाएं, पुरुष और युवा श्रद्धालु नाचते-गाते नजर आए। भगवान श्रीकृष्ण के जयकारों से पूरा गोशाला परिसर गूंज उठा। श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा की। आयोजन समिति के पटना प्रशासक रामेश्वर नागर ने बताया कि कथा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु उमड़ रहे हैं।
Updated on:
14 Aug 2026 06:01 am
Published on:
14 Aug 2026 06:01 am
