scriptProtest in Lucknow on December 26 Over Farmers Not Receiving Double Profit on Crop Yield | किसानों को उपज का डेढ़ गुना लाभकारी मूल्य न मिलने पर 26 को लखनऊ में धरना | Patrika News

किसानों को उपज का डेढ़ गुना लाभकारी मूल्य न मिलने पर 26 को लखनऊ में धरना

locationलखनऊPublished: Dec 09, 2023 11:40:16 pm

Submitted by:

Ritesh Singh

26 दिसम्बर को किसान बैठेंगे धरने पर, सांसद जयंत चौधरी ने किया ऐलान।

राष्ट्रीय लोकदल इंडिया गठबंधन के साथ :जयंत
राष्ट्रीय लोकदल इंडिया गठबंधन के साथ :जयंत
राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी जयंत सिंह ने राष्ट्रीय लोकदल के इंडिया गठबंधन के साथ रहने के संकल्प को दोहराया। उन्होंने एक तरफ 7 जनवरी को मेरठ में युवा संसद के आयोजन की घोषणा की। वहीं दूसरी तरफ 23 दिसंबर चौधरी चरण सिंह की जयंती तक स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू नहीं किये जाने, किसानों को उनकी उपज का डेढ़ गुना लाभकारी मूल्य न दिये जाने की स्थिति में 26 दिसम्बर को लखनऊ में धरना आयोजित करने का ऐलान किया।
इको गार्डन में देंगे धरने

गन्ने के रस से इथेनॉल उत्पादन पर रोक किसानों पर मार है। प्याज के निर्यात पर प्रतिबंध से किसानों की कमर टूट रही है और सरकार किसानों को 14 दिन में गन्ना मूल्य का भुगतान नहीं कर रही है। उन्होंने कहा कि उक्त अवैधानिक कार्यो के विरुद्ध सत्तारूढ दल से संघर्ष में आम जनमानस एवं मीडिया को भी अपना योगदान सुनिश्चित करना होगा। जयंत चौधरी ने इको गार्डन में धरने पर बैठे शिक्षकों को नियुक्ति न दिए जाने पर सरकार को जमकर घेरा और शिक्षकों को उनके संघर्ष में सड़क से संसद तक साथ देने की घोषणा की।
किसान चौधरी चरण सिंह के सपनों साकार

राष्ट्रीय महासचिव संगठन त्रिलोक त्यागी ने सत्ता प्राप्ति के लिए संगठन की मजबूती पर जोर देते हुए, इंडिया गठबंधन में रालोद को महत्वपूर्ण घटक होने की बात कही। किसान मसीहा चौधरी चरण सिंह के सपनों को साकार करने के लिए राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी जयंत सिंह निरंतर संघर्ष कर रहे हैं, और रालोद का प्रत्येक कार्यकर्ता इस संघर्ष में तन मन धन से अपने नेता के साथ है।
2024 का चुनाव लोकतंत्र एवं संविधान बचाने का चुनाव

प्रदेश अध्यक्ष रामाशीष राय ने कहा कि जयंत चैधरी राजनीति का उभरता सितारा है, जिनकी सर्व समाज में स्वीकार्यता है। रालोद को वर्तमान समय में धनबल, बाहुबल का सामना अपनी दृढ इच्छाशक्ति एवं संगठन के माध्यम से करना है। रालोद जनहित में दो गारंटी देता है किसानों को हितकारी सरकार और समाज में भाईचारा। जनता परिवर्तन चाहती है, किन्तु सत्तारूढ दल बहकावे एवं प्रलोभन की राजनीति कर रहा है।
2024 का चुनाव लोकतंत्र एवं संविधान बचाने का चुनाव है इस लड़ाई में रालोद की महती भूमिका है। राष्ट्रीय लोकदल की प्रदेश कार्यसमिति में राजनीतिक, आर्थिक एवं कृषि प्रस्ताव को सर्वसम्मति से पारित किया गया।

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